नई दिल्ली: युवा बल्लेबाज पृथ्वी साव ने उन अटकलबाजियों को खारिज किया जिनमें कहा जा रहा था कि उन्हें ऑस्ट्रेलियाई दौरे से अनुशासहीनता के कारण भेजा गया था और उन्होंने जोर दिया कि ऐसा उनके टखने की चोट से उबरने में देरी होने के कारण ही हुआ था.

दरअसल, पृथ्वी को अभ्यास मैच में फील्डिंग करते हुए चोट लग गयी थी और शुरू में कहा गया था कि वह तीसरे टेस्ट के बाद उपलब्ध रहेंगे. लेकिन 19 वर्षीय खिलाड़ी को वापस भेज दिया गया और यह माना जा रहा है कि ऐसा इस युवा खिलाड़ी के ध्यान कहीं और लगाने के कारण किया गया था.

पृथ्वी ने शनिवार को दिल्ली कैपिटल्स के मीडिया सत्र के दौरान कहा, ‘‘ये सब अफवाहें हैं, इसलिये मैं इन पर ध्यान नहीं दूंगा.’’ जब उनसे पूछा गया कि रिहैबिलिटेशन के दौरान वह इतनी कड़ी मेहनत नहीं कर रहे थे तो पृथ्वी ने कहा, ‘‘किसी ने भी मुझे इस बारे में नहीं बताया कि मैं कड़ी मेहनत नहीं कर रहा. मैं खेलना चाहता था लेकिन चोटिल हो गया. मुझे लगा कि मैं मेलबर्न में तीसरे टेस्ट में खेल सकता हूं लेकिन चोट से उबरने की प्रक्रिया में प्रगति धीमी थी. ’’
अनुभवी तेज गेंदबाज इशांत शर्मा ने शनिवार को यहां कहा कि वनडे टीम में उनकी जगह इसलिए नहीं बन पा रही है क्योंकि भारतीय क्रिकेट में यह राय बन गयी है कि वह टेस्ट मैचों के गेंदबाज हैं. इशांत ने करियर में 80 वनडे खेले है जिसमें आखिरी बार वह वनडे में तीन साल पहले दिखे थे. तीस साल के इस गेंदबाज ने अब तक 90 टेस्ट में देश का प्रतिनिधित्व किया है और उन्हें खुद को टेस्ट विशेषज्ञ पर देखा जाना पसंद नहीं.

आईपीएल टीम दिल्ली कैपिटल्स के मीडिया सेशन के दौरान इशांत ने कहा, ‘‘ हां, मैं मानता हूं कि भारतीय क्रिकेट में ऐसे विचारों के कारण मैं सीमित ओवर की टीम में नहीं हूं. मुझे नहीं पता कि ऐसे विचार कहां से आते हैं.’’