नारनौंद उपमंडल के एक गांव में पांच महीने पूर्व 12 साल वर्षीय बच्ची से दुष्कर्म के दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। फास्ट ट्रैक कोर्ट ने मामले को रेयरेस्ट मानते हुए दोषी पर एक लाख रुपये जुर्माना भी लगाया है।
बता दें कि पिछले साल 9 नवंबर को एक गांव के तालाब में बच्ची भैंसों को पानी पिलाने गई थी। इसी दौरान दोषी बिजेंद्र उसे बहला फुसलाकर झाडिय़ों में ले गया व उसके साथ दुष्कर्म किया। बच्ची ने घर जाकर अपने परिजनों को आपबीती बताई। बच्ची की उम्र 12 साल से कम होने के चलते यह मामला फास्ट ट्रैक कोर्ट में चला। मात्र 5 महीने के अंदर पुलिस आरोपित को सजा करवाने में कामयाब हो गई।

इस दौरान पुलिस ने 16 गवाह पेश किए। मामले की जांच कर रही एएसआइ सुनीता ने बताया कि इस मामले में बच्ची के 164 के बयान भी आरोपित को सजा करवाने में अहम रहे। कोर्ट ने इसे जघन्य अपराध मानते हुए आरोपित को कड़ी सजा सुनाई है।