नई दिल्‍ली। क्‍या सुषमा स्‍वराज आंध्र प्रदेश की राज्‍यपाल बनने जा रही हैं? ये सवाल सोमवार को राजनीतिक गलियारों में काफी सुनाई दिया। हालांकि, सुषमा स्‍वराज ने शाम होते-होते इन अटकलों पर खुद ही ट्वीट कर विराम लगा दिया। पूर्व विदेश मंत्री ने राज्‍यपाल बनाए जाने की खबरों को ट्वीट कर खारिज कर दिया है।

दरअसल, केंद्रीय मंत्री हर्षवर्धन के ट्वीट से सोमवार को सुषमा स्वराज के आंध्र प्रदेश के राज्यपाल के तौर पर नियुक्त किए जाने की अटकलें शुरू हुईं। हालांकि, कुछ समय बाद ही ये अटकलें गलत साबित हुईं। सुषमा स्वराज ने इस तरह की खबरों को ट्वीट कर खारिज कर दिया। ऐसे में हर्षवर्धन ने भी अपने ट्वीट को एक घंटे के भीतर हटा लिया। हर्षवर्धन ने पहले ट्वीट कर सुषमा स्वराज को आंध्र प्रदेश का राज्यपाल बनाए जाने पर बधाई दी थी।

गौरतलब है कि हर्षवर्धन के द्वारा अपना 'बधाई' ट्वीट हटाने के लगभग एक घंटे बाद सुषमा स्वराज ने ट्वीट कर पूरी स्थिति साफ करते हुए लिखा, 'आंध्र प्रदेश के राज्यपाल के तौर पर मेरी नियुक्ति की खबरें सच नहीं हैं।' गृह मंत्रालय के एक प्रवक्ता ने भी इन खबरों को खारिज कर दिया। अब सवाल यह उठता है कि आखिर हर्षवर्धन ने सुषमा स्‍वराज को सोशल मीडिया प्‍लेटफॉर्म पर आंध्र प्रदेश की राज्‍यपाल बनने की बधाई क्‍यों दी?

गौरतलब है कि नई सरकार में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अलावा 24 कैबिनेट मंत्रियों, 33 राज्य मंत्रियों समेत 57 मंत्रियों ने शपथ ली। नई सरकार में सुषमा स्वराज (Sushma Swaraj) शामिल नहीं हैं। मंत्रिमंडल के शपथ ग्रहण के बाद उन्‍होंने ट्वीट कर नई सरकार की बेहतरी के लिए कामना की और पिछले कार्यकाल के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) को धन्‍यवाद दिया था। इंदिरा गांधी के कार्यकाल में इमरजेंसी के दौरान अपने राजनीति करियर की शुरुआत करने वाली सुषमा स्‍वराज ने वर्ष 1977 में हरियाणा से विधायक निर्वाचित हुई थीं।