मुंबई: ILFS स्कैम मामले में एनफोर्समेंट डायरेक्टरेट ने महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के प्रमुख राज ठाकरे को समन भेजा है. ठाकरे के अलावा महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर जोशी के बेटे उन्मेष जोशी को भी समन जारी किया गया है. समन में सोमवार 19 अगस्त को ईडी के सामने हाजिर होने के लिए कहा गया है. ईडी दफ्तर पहुंचने पर उन्मेष जोशी से आज पूछताछ हो सकती है. 

शिवसेना नेता मनोहर जोशी के बेटे उन्मेष जोशी और अन्य दो सहयोगियों ने मिलकर एक कंसोर्टियम गठित किया था. इसमें il&fs ग्रुप ने भी 225 करोड़ रुपए का निवेश किया था. इसके बाद साल 2008 में इसने भारी नुकसान उठाते हुए कंपनी ने अपने शेयर को महज ₹90 करोड़ में सरेंडर कर दिया। अपना शेयर सरेंडर करने के बाद भी il&fs ने कोहिनूर स्क्वॉयर टॉवरों का निर्माण करने वाली कोहिनूर सिटीएनएल को एडवांस लोन दिया जिसे कथित तौर पर कोहिनूर सिटीएनएल चुका नहीं पाया.
इसके बाद साल 2011 में कोहिनूर सिटीएनएल कंपनी ने अपने कुछ संपत्तियां बेचकर ₹500 करोड़ का लोन चुकाने के एग्रीमेंट पर हस्ताक्षर किया. इस समझौते के बाद il&fs ने कोहिनूर सिटीएनएल को 135 करोड़ रुपए का और लोन दिए जाने का आईडी ने जांच में पाया है. इस मामले में ईडी कोहिनूर सीटीएनएल के एक बड़े अधिकारी का बयान रिकॉर्ड कर चुकी है. 
वहीं मनसे नेता संदीप देशपांडे ने इस पूरे मामले में बीजेपी पर आरोप लगाते हुए कहा, "मनसे प्रमुख राज ठाकरे पर दवाब बनाने के लिए कोहिनूर बिल्डिंग मामले में ईडी ने समन जारी किया है. पिछले 5-6 वर्षों में बीजेपी के किसी भी शीर्ष नेता के खिलाफ कोई ईडी जांच नहीं हुई है."