संकटमोचन संगीत समारोह में भी शामिल होंगे पीएम

डीरेका में एक घंटे शहर के गणमान्य लोगों से करेंगे बातचीत

प्रशासन के पास पीएम के आगमन का प्रारंभिक प्रोटोकाल


 पहली मई को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी काशी प्रवास के दौरान शाम के समय संकटमोचन संगीत समारोह में शामिल होंगे। प्रधानमंत्री अपने संसदीय क्षेत्र काशी में छह घंटे 40 मिनट का वक्त गुजारेंगे। डीरेका गेस्ट हाउस में शहर के गण्यमान्य लोगों से मुलाकात करेंगे। इससे पहले अस्सी घाट पर गीत-संगीत की महफिल ‘शाम-ए-बनारस’ में पीएम के शामिल होने की योजना थी लेकिन देर शाम हुई बैठक में सुरक्षा कारणों से इसे रद्द कर दिया गया।

प्रधानमंत्री के काशी आगमन का प्रारंभिक प्रोटोकाल जिला प्रशासन के पास आ गया है। इसके साथ ही तैयारियों को अंतिम रूप देने की मशक्कत और तेज हो गई है। प्रधानमंत्री का अपने संसदीय क्षेत्र बनारस का यह सातवां दौरा है। एडीएम प्रोटोकाल ओम प्रकाश चौबे के अनुसार प्रधानमंत्री सुबह 10:50 बजे बाबतपुर एयरपोर्ट आएंगे। वहां से हेलीकाप्टर से बलिया जाएंगे। बलिया से लौटकर प्रधानमंत्री अपराह्न 2:10 बजे डीरेका आएंगे।

डीरेका गेस्ट हाउस में कुछ देर विश्राम करने के बाद शहर के गण्यमान्य लोगों से मिलेंगे। इसके बाद ई-रिक्शा बांटेंगे। फिर प्रधानमंत्री सामने घाट स्थित ज्ञानप्रवाह जाएंगे। उसके बाद पीएम तीसरी बार अस्सी घाट पहुंचेंगे। जहां वह पहले ई-बोट का वितरण करेंगे, फिर संकटमोचन बाबा के दरबार में हाजिरी लगाकर वहां संगीत समारोह में शामिल होंगे। कार्यक्रम के समापन के बाद प्रधानमंत्री सड़क मार्ग से बाबतपुर पहुंचेंगे। जहां से रात 8:50 बजे विशेष विमान से दिल्ली रवाना हो जाएंगे।

पीएम का प्रारंभिक प्रोटोकाल
सुबह 10:50 बजे ---------- बाबतपुर एयरपोर्ट पर दिल्ली से आगमन
10:55 बजे ---------- हेलीकाप्टर से बलिया रवाना
2:10 बजे ---------- बलिया से डीरेका हेलीपैड पर आगमन
2:20 से 3 बजे ---------- डीरेका गेस्ट हाउस में विश्राम करेंगे
3:05 बजे ---------- डीरेका हाल में आएंगे
3:05 से 4:05 तक ---------- शहर के गण्यमान्य लोगों से बातचीत करेंगे
4:15 बजे ---------- डीएलडब्ल्यू मैदान में ई रिक्शा बांटेंगे
5:15 बजे ---------- ज्ञानप्रवाह सामनेघाट पहुंचेंगे
5:15 से 5:45 बजे ---------- ज्ञानप्रवाह का भ्रमण करेंगे
6:05 बजे ---------- अस्सी घाट आएंगे
6:05 से 7:05 बजे ---------- ई-बोट का वितरण करेंगे
7:10 से 7:55 बजे ---------- संकटमोचन संगीत समारोह में शामिल होंगे
8 बजे ---------- अस्सी से बाबतपुर सड़क मार्ग से रवाना होंगे
8:45 बजे ---------- बाबतपुर एयरपोर्ट पहुंचेंगे
8:50 बजे ---------- बाबतपुर से दिल्ली रवाना होंगे

डीरेका, ज्ञान प्रवाह और अस्सी एसपीजी की निगरानी में

पीएम की फ्लीट जिन रास्तों से गुजरेगी, उन्हें आधे घंटे पहले ही सील कर दिया जाएगा। सामने घाट स्थित ज्ञान प्रवाह और अस्सी घाट पर प्रधानमंत्री के पहुंचने से दो घंटा पहले ही विश्व सुंदरी पुल से हरिश्चंद्र घाट तक गंगा में नौकायन रोक दिया जाएगा। गंगा में नेवी के गोताखोर, एनडीआरएफ, जल पुलिस और पीएसी बाढ़ राहत के जवान सुरक्षा की कमान संभालेंगे।

गुरुवार को पुलिस और प्रशासन के साथ एसपीजी के अधिकारियों ने बाबतपुर एयरपोर्ट से अस्सी घाट तक सभी कार्यक्रम स्थलों का निरीक्षण किया। पीएम की सुरक्षा के लिए पुख्ता रणनीति बनाई। सभी कार्यक्रम स्थलों को शनिवार से एसपीजी अपनी निगरानी में ले लेगी।

एसपीजी के आईजी यशवंत की अगुवाई में छह सदस्यीय टीम गुरुवार को कमिश्नर, आईजी, डीआईजी, डीएम व एसएसपी के साथ पहले बाबतपुर एयरपोर्ट पहुंची। फिर डीरेका गेस्ट हाउस और इंटर कॉलेज के खेल मैदान, ज्ञानप्रवाह और अस्सी घाट का निरीक्षण कर सभी स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था के संबंध में बैठक की। इस दौरान पीएम की सुरक्षा के मद्देनजर आवश्यक स्थानों पर बैरिकेडिंग के निर्देश दिए। तय हुआ कि सभी कार्यक्रम स्थलों पर डॉग स्क्वॉड और बीडीएस से सुबह, दोपहर और शाम में तलाशी अभियान चलाया जाए।

मांगी 15 कंपनी पैरामिलिट्री फोर्स, चार कंपनी एनएसजी
प्रधानमंत्री के वाराणसी दौरे के कार्यक्रम की जिम्मेदारी आईजी जोन एसके भगत को सौंपी गई है। प्रदेश सरकार ने पीएम दौरे के लिए 15 कंपनी सेंट्रल पैरामिलिट्री फोर्स, चार कंपनी नेशनल सिक्योरिटी गार्ड (एनएसजी) और एक कंपनी एटीएस कमांडो की मांग की है। प्रधानमंत्री के कार्यक्रम के लिए नेवी के गोताखोर भी लगेंगे। प्रदेश सरकार ने केंद्र से नेवी के गोताखोरों की भी टीम मुहैया कराने की मांग की है।

इसके लिए केंद्र सरकार को औपचारिक पत्र भी भेज दिया गया है। डीजीपी कार्यालय के अनुसार पीएम की सुरक्षा में 15 पुलिस अधीक्षक, 23 अपर पुलिस अधीक्षक, 58 डिप्टी एसपी, 75 सब इंस्पेक्टर, 18 महिला सब इंस्पेक्टर, 800 आरक्षी, 22 महिला आरक्षी, एक कंपनी एटीएस कमांडो, आठ कंपनी पीएसी, एक कंपनी पीएसी बाढ़ राहत टीम, 15 कंपनी सीपीएमएफ, चार कंपनी एनएसजी और एक कंपनी नेवी गोताखोर वाराणसी में तैनात किए जाएंगे।