बनारस। नित्यानंद के वाराणसी आगमन के पूर्व ही संत समाज द्वारा उनका जमकर विरोध किया गया। सुप्रसिद्ध अस्सी घाट पर संतों ने एकजुट होकर कहा कि 24 घंटे में प्रशासन नित्यानंद को काशी के बाहर करे।

स्वामी नित्यानंद को अपने वाराणसी आगमन के तहत कल्पतरू दर्शन व गुरु दीक्षा कार्यक्रम में शिरकत करना है, जिसे लेकर वो काशी आने वाले हैं। लेकिन उनके काशी आगमन के पूर्व ही यहां संत समाज विरोध के स्वर बुलंद करने लगा है। शनिवार को अखिल भारतीय रामराज्य परिषद के बैनर तले सैकड़ों की संख्या में साधु व संन्यासियों ने अस्सी घाट पर एकजुट होकर जिला प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर 24 घंटे के भीतर प्रशासन नित्यानंद को काशी से बाहर नहीं करती है तो हम सड़कों पर उतरकर इसका विरोध करेंगे।

इस अवसर पर ब्रहम़रिषि धर्मदत्तजी महराज ने कहा कि सेक्स स्कैंडल में आरोपी रहे साधु के भेष में कथित संत स्वामी नित्यानंद जैसे लोग अगर धार्मिक नगरी में कदम रखते हैं तो यह काशी का अपमान होगा जो यहां का संत समाज बर्दाश्त नहीं करेगा। इससे हमारी संस्कृति का भी नाश होगा जो हम किसी भी कीमत पर नहीं होने देंगे।