राजस्थान के उदयपुर शहर में मंगलवार को एक ट्रेनी आईपीएस की वाहन जब्त करने की कार्रवाई के खिलाफ जमकर हंगामा हुआ. 50 से ज्यादा गाड़ियां जब्त कर चाबियां लेने वाले इस ट्रेनी आईपीएस दीपक यादव ने इस कार्रवाई के बाद वाहन चालकों से बात करने से भी इनकार कर दिया तो लोग थाने के बाहर ही धरने पर बैठ गए.

मामला प्रतापनगर थाने का है. यहां प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे प्रशिक्षु आईपीएस दीपक यादव के खिलाफ आमजन का आक्रोष फूट पड़ा. इस दौरान बीजेपी के कार्यकर्ता और युवा मोर्चा के पदाधिकारी भी आमजन के साथ थाने के बाहर जमा हो गए.

दरअसल, ट्रेनी आईपीएस अधिकारी यादव पर प्रदर्शनकारी चालान काटने के नाम पर आम आदमी को परेशान करने के आरोप लगा रहे थे. दीपक यादव ने वाहन चैकिंग के लिए थाने के बाहर ही नाकाबंदी शुरू की और उसके बाद देखते ही देखते करीब पचास से जयादा गाडियों को जब्त कर उनकी चाबियां अपने कब्जे में ले ली.

मौके पर मौैजुद लोगों का आरोप हें कि सभी कागजात पूरे होने के बावजुद उन्हें परेशान किया जा रहा है. वहीं चालान काटने के बाद दो घंटे तक उन्हें चाबियां तक नहीं दी गई. यहीं नहीं कुछ वाहन चालकों को तो चाबियां तक गुम हो गई. इसके बाद एसएचओ चांदमल को समझाइश के लिए प्रतापनगर भेजा गया और मामला शांत हो सका.