राजस्थान की स्कूली शिक्षा के नए पाठ्यक्रम में अब बच्चे महाराणा प्रताप महान की गौरव गाथा पढ़ेंगे. हल्दीघाटी युद्ध में महाराणा प्रताप की विजय के प्रमाण इतिहासकारों की ओर से सामने लाए जाने के बाद शिक्षा राज्यमंत्री वासुदेव देवनानी ने इसे स्कूली पाठ्यक्रम में जुड़वा दिया है और जल्द ही उच्च शिक्षा के पाठ्यक्रम में हल्दीघाटी युद्ध में महाराणा प्रताप की विजयी गाथा को छात्र पढ़ सकेंगे.

आपको बता दें कि राजस्थान के शिक्षामंत्री वासुदेव देवनानी ने विभाग की कमान संभालते ही अकबर महान के स्थान पर महाराणा प्रताप को महान बताने के लिए पाठ्यक्रम में बदलाव की बात कही थी. इसी के तहत पहले स्कूली शिक्षा से अकबर महान का पाठ हटाया गया. वहीं अब 10वीं कक्षा के नए पाठ्क्रम में महाराणा प्रताप की हल्दीघाटी युद्ध में विजयी गाथा दर्शाई गई है.

मंत्री देवनानी ने कहा कि राजस्थान में पूरे इतिहास के अंदर महाराणा प्रताप महान रहे हैं, लेकिन बीच के गुलामी काल में इतिहास को कुछ तोड़-मरोड़कर अकबर को महान बताया जाने लगा. पूरे इतिहास के परिपेक्ष में जानकारी आई कि महाराणा प्रताप ही महान रहे.

उन्होंने कहा कि अकबर ने 6 बार आक्रमण किया और यह इस बात का प्रमाण है कि हारने वाला ही आक्रमण करता है और जीतने वाला राज. इससे साफ जाहिए होता है कि हल्दीघाटी में अकबर की ही जीत हुई थी. इसलिए इसको हमने सही रूप में इतिहास में दर्शाया है. धीरे-धीरे इसे उच्च शिक्षा में भी इसे सम्मलित किया जाएगा.

उन्होंने कहा कि हम नई पीढ़ी को महापुरुषों के बारे में इसलिए पढ़ाते हैं ताकि उनके मन में देशभक्ति की भावना जागृति हो सके और इतिहास पढ़कर उसे गर्व हो सके. इसलिए गौरवशाली इतिहास पढ़ाए जाने का राज्य सरकार का संकल्प है इसे जारी रखा जाएगा.

गौरतलब है कि इतिहास में अब तक हल्दीघाटी युद्ध को बेनतीजा बताया जा रहा था. इतिहास में ऐसा लिखा गया कि न तो महाराणा प्रताप की सेना जीती थी और न ही अकबर जीते थे.