ताजनगरी आगरा में गुरु और शिष्य के पवित्र रिश्ते को कलंकित करने का मामला सामने आया. यहां एक महिला टीचर ने अपने ही छात्र के साथ न सिर्फ यौन शोषण किया बल्कि उससे चोरी तक करवाया.

मामला हरिपर्वत थाना क्षेत्र का है. यहां छत्ता की रहने वाली एक महिला ट्यूटर ने अपनी बहन और भाई के साथ मिलकर हरिपर्वत इलाके के रहने वाले एक 10वीं के छात्र का नौ महीने तक यौन शोषण किया गया. छात्र को नशे की कोल्डड्रिंक पिलाई जाती थी. उसे ब्लूफिल्म दिखाई जाती थी और फिर उसके साथ संबंध बनाए जाते थे. इतना ही नहीं यौन शोषण की इस घटना को मोबाइल में कैद भी किया जाता था.

इसके बाद शुरू होता था ब्लैकमेल करने का खेल. छात्र को MMS सोशल मीडिया पर डालने की धमकी देकर उससे उसके ही घर में चोरी करवाई गई. लगभग 8 लाख कैश और 25 लाख के जेवरात उससे मंगवाए गए. 18 अगस्त को चोरी सीसीटीवी में कैद होने के बाद परिजनों को पूरा मामला पता चला. जिसके बाद उन्होंने हरिपर्वत थाने में मामला दर्ज करवाया है.

बता दें पीड़ित छात्र के पिता शहर के बड़े सर्राफा कारोबारियों में से एक हैं. उन्होंने महिला ट्यूटर, उसकी बहन और भाई के खिलाफ यौन शोषण की धारा और पोक्सो एक्ट में नामजद केस दर्ज करवाया है.

उन्होंने बताया कि घर में लगातार हो रही चोरी से वह काफी परेशान थे. रिपोर्ट भी दर्ज करा चुके थे. तभी बेटा 64 हजार रूपये चोरी करता कैमरे में कैद हुआ. जब विश्वास में लेकर पूछताछ की तो सारा मामला सामने आया. उन्होंने बताया कि उनका बेटा डिप्रेशन में है और गुमसुम रहता है.

पीड़ित ने बताया कि वह जिस ट्यूटर के पास पढ़ने जाता है उसकी बहनें भी ट्यूशन पढ़ाती हैं. जब उन्हें पता चला कि वह अमीर परिवार से है तो उन्होंने पैसे ऐंठने के लिए साजिश रची. अब उसे ट्यूटर की बड़ी बहन भी ट्यूशन पढ़ाने लगी. एक दिन उसके कोल्डड्रिंक में नशे की गोलियां डाल दीं. उसके बाद उसे पोर्न मूवी दिखाई. उसके बाद उसके साथ गन्दा काम किया गया. इस बीच उनके भाई ने मोबाइल से वीडियो भी बना ली और उसे दिखाकर धमकी दी गई कि अगर वह पैसे नहीं लाएगा तो यह क्लिप व्हाट्सएप और फेसबुक पर डाल दिया जाएगा. इसके बाद यह घटनाक्रम लगातार चलने लगा. इस बीच लड़के ने उन्हें लगभग 8 लाख कैश और 25 लाख के जेवरात लाकर दिए.

इस मामले में एसपी सिटी कुंवर अनुपम सिंह का कहना है कि पीड़ित छात्र नाबालिग है, इसलिए उसका मजिस्ट्रेटी बयान दर्ज कराया जाएगा. पूरे मामले की तह तक जाकर कार्रवाई की जाएगी.

ब्लैकमैलिंग के पैसे से करते थे ऐश

 

तीनों आरोपी ब्लैकमैलिंग के पैसे से ऐश करते थे. उन्होंने पीड़ित छात्र द्वारा दिए गए पैसे से एक स्विफ्ट कार, एक्टिवा और एप्पल के आईफोन भी ख़रीदा था.

पीड़ित छात्र के पिता ने तहरीर में वसूली का पूरा ब्योरा दिया है. छात्र ने सबसे पहले घर से चार हजार की चोरी की. इससे उन लोगों शराब और सिगरेट खरीद ली. इसके बाद छात्र से बोले, इससे क्या होगा और पैसा चाहिए. वह दस हजार ले आया. बोले बहुत कम है, बड़ा हाथ मार. उसने 45 हजार की चोरी की. इसके बाद उससे कहा गया कि ज्यादा कैश नहीं ला सकता तो जेवरात लेकर आ. इसके बाद छात्र ने अपने पिता की डायमंड और पन्ना लगी सोने की अंगूठी चोरी की. इसके बाद मां की सोने की चेन चोरी की. 16 अप्रैल को उसने घर के भगवान के मंदिर से सोने की गिलास, प्लेट, झुनझुना, बांसुरी और छड़ी चोरी की. 7 मई को उसने दादा-दादी के कमरे में रखी तिजोरी से सोने की 22 गिन्नी, दो सोने के सिक्के और 6.5 लाख कैश ले जाकर ट्यूटर के भाई को दिए. 14 अगस्त को 64 हजार रूपये दिए.

बता दें छात्र की उम्र 15 साल है. जबकि एक ट्यूटर की उम्र 25 साल है और उसके पति की मौत हो चुकी है. उसकी आरोपी बहन की उम्र 23 साल है. उनके भाई की उम्र 30 साल की है. तीनों ने घर में ही कोचिंग सेंटर खोल रखा है.