FIR के बाद से फरार

 

मध्य प्रदेश के अशोक नगर जिले में विश्व प्रसिद्ध धार्मिक स्थान आनंदपुर ट्रस्ट एक आर फिर विवादित में आ गया है. ताजा मामला ज्ञानदयालानंद चक्की वाले बाबा के यौन शोषण से जुड़ा है. पुलिस ने वीडियो के आधार पर बाबा पर एफआईआर दर्ज की है. एफआईआर के बाद से चक्की वाले बाबा फरार चल रहे हैं.

वीडियो में आनंदपुर आश्रम के अंदर चक्की वाले बाबा एक युवक के साथ कुकृत्य करते हुए नजर आ रहे हैं. पीड़ित ने अशोक नगर जिले के ईशागढ़ थाने में एफआईआर दर्ज कराई है. पीडित का आरोप है कि चक्की वाले बाबा 2006 से 2010 तक यानि करीब 4 साल तक गलत काम किया. बाबा ने उसका वीडियो भी बनाया था.

बीते साल आनंदपुर ट्रस्ट में हुई गोलीकांड और यौन शोषण की घटना अभी शांत भी नहीं हुई है कि फिर ट्रस्ट में चल रही गतिविधियों पर सवाल खड़े होने लगे हैं. आनंदपुर ट्रस्ट में रहने वाले कुछ महात्माओं पर यौन शोषण का आरोप लगा है. इन बाबाओं में एक चक्की वाले बाबा पर एफआईआर भी दर्ज हो चुकी है. अभी आरोपी बाबा फरार है.

दलितों की जमीन पर कब्जा करने की शिकायत भी जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन के पास है. वैसे तो 2005 से अभी तक ट्रस्ट में ऐसी 11 घटनाएं हुई, जिसमें पुलिस ने एफआईआर दर्ज की. इनमें अधिकांश शिकायतें छेड़छाड़ की हैं.

4 सितम्बर 2005 - आरोपी ओमप्रकाश महात्मा ने राम यादव से मारपीट कर जान से मारने की धमकी दी
22 अप्रैल 2007 - आरोपी तिलकराज ने महिला से छेड़छाड़ कर जान से मारने की धमकी दी
14 मार्च 2009 - आरोपी रामलाल भगत ने युवती के साथ छेड़छाड़ की
30 मई 2009 - आरोनी सुनील भगत ने रामलाल के साथ मारपीट की
30 मई 2009 - आरोपी रामलाल पटेल ने राजीव भगत के साथ मारपीट की
26 जून 2012 -आरोपी राणा भगत ने जगराम शर्मा के साथ मारपीट कर जान से मारने की धमकी दी
27 जनवरी 2014 -आरोपी किशन महात्मा ने महिला से छेड़छाड़ कर जान से मारने की धमकी दी
21 फरवरी 2015 -आरोपी पंकज वाली ने नाबालिग लड़की के साथ छोड़छाड़ की
8 अक्टूबर 2015 -आरोपी हरनाम सिंह तोमर, राजेश सूर्यवंशी, अशोक भदौरिया, राकेश महात्मा, सोनू महात्मा, महेंद्र महात्मा ने पंचमसिंह पर मारपीट कर फायरिंग की

आश्रम पर लगे गंभीर आरोपों पर अशोक नगर एसपी संतोष सिंह गौर का कहना है 2005 से अभी तक ईशागढ़ थाने में 11 एफआईआर दर्ज की गई. पुलिस ने सात मामलों में आरोपियों की गिरफ्तार कर कोर्ट में चालान पेश किया. वहीं तीन मामलों में साक्ष्य के अभाव में खात्मा लगाया.

हालांकि, अशोका नगर पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं, क्योंकि आश्रम में 2015 में हुए गोलीकांड का मामला बीते एक साल से जांच में चल रहा है और पुलिस ने अभी तक नामजद आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया.

आंनदपुर आश्रम में देश-दुनिया से श्रद्धालु और महात्मा आते हैं. मध्य प्रदेश के साथ दूसरे राज्यों में आश्रम चल रहे हैं. आश्रम का ट्रस्ट खुद को समाजसेवी बताते हुए आम जनता के लिए अस्पताल, स्कूल समेत दूसरी गतिविधियों के संचालन करने की बात कहता है.