फीफा विश्वकप में ग्रुप एक के अपने दूसरे मैच में अच्छा प्रदर्शन करने के बावजूद भारतीय टीम को 2 के मुकाबले 1 गोल से हार का सामना करना पड़ा। भारतीय टीम ने पहले हाफ में शानदार खेल दिखाया। इस दौरान दो बार गोल करने के दो मौके गंवा दिए। पहला हाफ 0-0 की बराबरी के साथ समाप्त हुआ। ऐसा लग रहा था कि यदि टीम इंडिया ने पहले हाफ जैसा खेल जारी रखा तो वो मैच में जीत हासिल कर सकती है।
 
लेकिन दूसरे हाफ में कुछ और ही कहानी लिखी थी। कोलंबियन स्ट्राइकर जुआन पेनलोजा ने दूसरे हाफ के चौथे मिनट में गोल दागकर अपनी टीम को 1-0 की बढ़त दिला दी। इसके बाद दोनों टीमों के बीच पहले हाफ की तरह बराबरी का खेल चलता रहा लेकिन मैच के 82वें मिनट पर कॉर्नर किक पर जैकसन के हेडर ने भारत को 1-1 की बराबर पर ला दिया। विश्वकप में अपने पहले गोल का जश्न भारतीय खिलाड़ी एक मिनट भी नहीं मना सके। पेनलोजा ने एक मिनट बाद ही 83वें मिनट में दूसरा गोल दागते हुए एक बार फिर अपनी टीम को बढ़त दिलवा दी। 

इसके बाद टीम इंडिया मैच में वापसी नहीं कर सकी। अंत में इंजरी टाइम के रुप में मिले पांच अतिरिक्त मिनट में भी कोई टीम गोल नहीं कर सकी।