नई दिल्ली : बर्मिंघम यूनिवर्सिटी भारत के इंजीनियरिंग के छात्रों के लिए तीन सप्ताह के एक नये ऑनलाइन नि:शुल्क प्रशिक्षण पाठ्यक्रम की शुरूआत कर रहा है जिससे उन्हें अपने तकनीकी अंग्रेजी भाषा कौशल को सुधारने में मदद मिलेंगी। विश्वविद्यालय की तरफ से इस पहल का असली मकसद सेंसिंग, पॉवरिंग और कंट्रोलिंग कोर्स से इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग के उन छात्रों को सपोर्ट करना है, जिन्हें इंजीनियरिंग के कई महत्वपूर्ण शब्दों को इंग्लिश में सही तरीके से एक्सप्रेस करना नहीं आता। इलेक्ट्रॉनिक, इलेक्ट्रिकल और सिस्टम इंजीनिरिंग के कॉन्सेप्ट में यह कोर्स सबसे ज्यादा कारगर है।

विश्वविद्यालय  की ओर से जारी  एक विज्ञप्ति में कहा कि बर्मिंघम  एमओओसी (मैसिव ओपन ऑनलाइन कोर्स  विश्वविद्यालय में प्रथम वर्ष मापदंड़ों पर आधारित है। मैसिव ओपन ऑनलाइन कोर्स से इलेक्ट्रॉनिक, इलेक्ट्रिकल और सिस्टम इंजीनियरिंग के छात्र सीधे बर्मिंघम यूनिवर्सिटी से जुड़कर कई नई बातों को और इंजीनियरिंग स्किल्स को सीख सकते हैं । इसके अलावा उन छात्रों के लिए भी यह ट्रेनिंग कोर्स काफी जरूरी है, जो किसी भी स्ट्रीम से इंजीनियरिंग करने की इच्छा रखते हैं। उनके लिए फर्स्ट एयर में आने से पहले ही ऐसी ट्रेनिंग मिलना काफी खास बात है।  

तीन सप्ताह का यह पाठ्यक्रम 13 नवंबर से शुरू होगा और इंजीनियरिंग और फिजिकल साइंस कॉलेज द्वारा इसे बनाया गया है। स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग में वरिष्ठ व्याख्याता टिम जैक्सन ने कहा ,‘‘उन छात्रों के लिए यह एक बड़ा अवसर है जिनकी पहली भाषा अंग्रेजी नहीं है और इससे ये छात्र अपने भाषा कौशल में सुधार कर सकते है।