वाराणसी के सारनाथ स्थित तिब्बती संस्थान के 50 वर्ष पूरे होने पर सोमवार को आयोजित समारोह में धर्मगुरू दलाईलामा ने​ शिरकत की.


इस दौरान तिब्बती धर्मगुरु ने सभी को नववर्ष की शुभकामना दी. उन्होंने कहा कि इस नए क्षण और नए अवसर को ग्रहण करते हुए अपनी प्रथमिकताओं को तय करना चाहिए. दलाईलामा ने कहा कि हमें परिवर्तन का आदर करना चाहिए.


आज आवश्यकता है कि बदलते समय के साथ हम स्वयं को उद्देश्यपूर्ण तरीके से ढालें. दृष्टिकोण बहुआयामी होना चाहिए. गुजरे सालों के साथ आने वाले साल के लिए ऐसा काम करें कि जब पीछे मुड़कर देखें तो ऐसा लगे कि कुछ कार्य किया है. उन्होंने कहा कि बदलाव की शुरुआत खुद से होती है.


इससे पहले तिब्बती धर्मगुरू दलाई लामा 29 दिसंबर को वाराणसी के सारनाथ पहुंचे. यहां उन्होंने 30 तारीख को तिब्बती संस्थान में आयोजित सेमिनार में शिरकत की. दलाईलामा के साथ उनका 10 सदस्यी दल सारनाथ पहुंचा है.