उत्तर प्रदेश की योगी सरकार की कैबिनेट बैठक में मंगलवार को कई अहम फैसले लिए गए. इनमें नेचुरल गैस पर टैक्स घटाकर 5 प्रतिशत करने, यूपी में शहीद हुए सैनिकों और अर्धसैनिक बलों के गांवों को सैनिक गांव के रूप में विकसित करने और पूर्वांचल की दो बंद पड़ी चीनी मिलों को फिर से शुरू करने पर मुहर लगी.

सीएनजी पर टैक्स घटाकर पांच फीसदी करने से इसके दाम में प्रति किलो साढ़े तीन से चार रुपये की कमी आने की उम्मीद है. कैबिनेट की बैठक में प्रस्तावित एजेंडों के अतिरिक्त सीएम योगी आदित्यनाथ ने किसानों को आर्थिक रूप से स्वावलंबी बनाने के लिए मंत्री परिषद की कमेटी के गठन को मंजूरी दी है. उप मुख्यमंत्री केशव मौर्य की अध्यक्षता में कृषि मंत्री, वित्त मंत्री और वन मंत्री की एक कमेटी बनाई गई है. ये कमेटी आलू किसानों की समस्याओं के लिए 15 दिन में रिपोर्ट देगी.

प्रदेश सरकार के प्रवक्ता श्रीकांत शर्मा ने बताया कि कैबिनेट में 10 बिंदुओं पर चर्चा हुई. इसमें वर्तमान विधानसभा सत्र का सत्रावसान को मंजूरी दी गई.

रामपुर के तत्कालीन अधिशासी अधिकारी निहाल चंद की सेवामुक्ति की जगह उनके 3 वेतन वृद्धि पर स्थायी रूप से रोके के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई.


उन्होंने बताया कि इसके अलावा उत्तर प्रदेश मालसेवा कर के अंतर्गत नेचुरल गैस पर टैक्स की दर को 5 प्रतिशत करने का निर्णय लिया गया है. पहले यह 10 प्रतिशत था.

इसके अलावा प्रदेश में मुख्यमंत्री समग्र ग्राम विकास योजना को लागू किया जा रहा है. इसके तहत सीमावर्ती क्षेत्रों वनटांगिया, थारू, वनवासियों की ज्यादा संख्या वाले गांवों का विकास किया जाएगा. ग्राम्य विकास विभाग इसका नोडल विभाग होगा.

उन्होंने कहा कि साथ ही प्रदेश में सैनिक गांव को लेकर कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है. इसके तहत शहीद हुए सैनिकों/अर्धसैनिक बलों के गांव को सैनिक गांव के रूप में विकसित किया जाएगा. इस में गांव में पक्की सड़क के साथ ही विशेष तोरण द्वार और शहीदों की प्रतिमा भी स्थापित होगी.

जल प्रदूषण निवारण अधिनियम के तहत औद्योगिक विकास को एनओसी के लिए आवेदन पत्रों का आॅनलाइन निस्तारण की व्यवस्था लागू की गई.

उन्होंने बताया कि इसके अलावा बाल विकास योजना के अंर्तगत पुष्टाहार की दरों में वृद्धि के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई. इससे राज्य सरकार पर 540 करोड़ का अतिरिक्त भार होगा. उच्च न्यायालय के न्यायधीशों के चिकित्सा प्रतिपूर्ति का प्रतिनिधायन प्रावधान मंजूर किया गया.

इस दौरान गन्ना मंत्री सुरेश राणा ने बताया कि सरकार ने पूर्वांचल की दो चीनी मिलों को फिर से शुरू करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है. इनमें हम राज्य चीनी मिल के पिपराइच की 5000 टीसीडी की क्षमता के साथ फिर से चालू करेंगे. यहां 18 मेगावाट बिजली का उत्पादन भी होगा. वहीं 1999 से बंद मुंडेरवा की चीनी मिल को भी 5000 टीसीडी की क्षमता के साथ चालू करेंगे. इसमें करीब 314 करोड़ रुपए की लागत आएगी.

विश्वविद्यालयों में 5 वर्ष के विशेष अवकाश का इंतज़ाम करने के लिए अवकाश व्यवस्था का इंतज़ाम किया जा रहा है. साथ ही कैबिनेट में ग्राम्य विकास विभाग के 2 प्रस्तावों को भी मंजूरी मिली. इसमें 2 नए ब्लॉक गठन होगा.