इलाहाबाद की एक महिला को सात समंदर पार बैठे पति ने व्हाट्सएप के जरिये आडियो मैसेज भेजकर तलाक दे दिया है.


तलाक का मैसेज सुनकर महिला ने पति को फोन किया तो पति ने फोन पर भी तीन बार तलाक बोलकर पत्नी से रिश्ता तोड़ दिया. इसके बाद परेशान महिला ने पुलिस के पास पति के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाया है.


करैली पुलिस ने महिला की तहरीर पर पति के खिलाफ घरेलू हिंसा समेत कई संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. महिला ने खुद के इंसाफ के लिये सरकार से गुहार लगाने के साथ ही तीन तलाक पर पूरी तरह से रोक लगाने की भी मांग की है.


इलाहाबाद के करैली थाना क्षेत्र की रहने वाली युवती की शादी 8 साल पहले मो.आरिफ नाम के युवक से हुई थी. आरिफ भी अपने परिवार वालों के साथ नैनी इलाके में रहता था लेकिन शादी के कुछ दिनों बाद से ही आरिफ का व्यवहार पत्नी के लिये बदल गया था.



उसने कई बार पत्नी को कम खूबसूरत होने का ताना भी दिया था. कुछ दिनों बाद पति आरिफ की नौकरी ओमान में लग गयी, जहां वो नौकरी करने चला गया. इसके बाद से आरिफ कभी कभी देश लौटने पर पत्नी को घर बुलाता था. लेकिन पिछले डेढ़ साल से आरिफ ने पत्नी को खर्च के लिये रुपये देना भी बंद कर दिया था.


चंद रोज पहले आरिफ ने पत्नी के फोन पर व्हाट्सऐप से आडियो मैसेज भेजकर तलाक दे दिया. ऑडियो मैसेज में तलाक की बात सुनकर पीड़ित महिला बेसुध हो गयी. इसके बाद उसने पति को फोनकर उससे बात की. लेकिन पति ने फोन करने पर दोबारा महिला को तीन बार तलाक बोलकर उससे नाता तोड़ लिया. परेशान पीड़ित महिला ने करैली थाने जाकर पति के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाया.


पत्नी का आरोप है कि उससे पहले भी आरिफ की एक शादी हुयी थी. जिसे तलाक देकर उससे दूसरी शादी की थी. अब विदेश में उसका पति तीसरी शादी करने के प्रयास में है.


तीन तलाक की पीड़ित महिला का यह भी आरोप है कि उसे पिछले कई सालों से लगातार ससुराल वाले कम दहेज लाने का ताना देते थे. दहेज के नाम पर ससुराल वाले अक्सर उसके साथ मारपीट करते रहे हैं. कई बार उसकी पिटाई करके वापस मायके भेज दिया जाता था. पिछले डेढ़ सालों से पति वतन नही लौटा है. उसके बावजूद ससुराल वाले उसे प्रताड़ित करते रहे हैं.


पुलिस ने महिला की तहरीर पर केस दर्ज मामले की जांच शुरू कर दी है. वहीं तीन तलाक की पीड़ित महिला ने खुद के इंसाफ के लिये सरकार से इंसाफ की मांग की है. साथ ही पीड़िता का यह भी कहना है कि देश में तीन तलाक की प्रथा पर पूरी तरह से रोक लगनी चाहिये.