इस्लामाबाद जम्मू में सैन्य शिविर पर हुए आतंकी हमले में पाकिस्तान का हाथ होने के रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण के बयान को खारिज करते हुए पाकिस्तान ने मंगलवार को कहा कि भारत की तरफ से किए गए किसी भी दुस्साहस का माकूल जवाब दिया जाएगा.


निर्मला की चेतावनी से बौखलाया पाकिस्तान


दरअसल पाकिस्तान स्थित जैश-ए-मोहम्मद के आतंकवादियों ने शनिवार को जम्मू के सुंजवां सैन्य शिविर पर हमला किया था. इस दौरान हुई मुठभेड़ में 6 सैनिक शहीद हो गए जबकि एक नागरिक की भी जान गई. रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने सोमवार को सैन्य शिविर पर हमले के लिए पाकिस्तान पर आरोप लगाया था और स्पष्ट किया था कि पाकिस्तान इस 'दुस्साहस' की कीमत चुकाएगा.


पाकिस्तान की गीदड़भभकी


सीतारमण की टिप्पणी पर जवाब देते हुए उनके पाकिस्तानी समकक्ष खुर्रम दस्तगीर खान ने कहा कि इस्लामाबाद किसी भी दुस्साहस पर भारत को उसी की भाषा में जवाब देगा. खान ने एक बयान में कहा, 'बिना तथ्यों को प्रमाणित किए फौरन पाकिस्तान पर आरोप लगाने के बजाए भारत को पाकिस्तान के खिलाफ सरकार प्रायोजित जासूसी पर जवाब देना चाहिए.'


पाकिस्तान की प्रत्येक इंच जमीन की ढृढ़ता से रक्षा करने की बात करते हुए दस्तगीर ने कहा, 'किसी भी भारतीय आक्रामकता, रणनीतिक गलत अनुमान, किसी भी पैमाने या तरीके के किसी दुस्साहस को किसी भी जगह पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और उसका समान व उचित जवाब दिया जाएगा.'


भारत के आरोपों को नकारा


दस्तगीर ने कहा कि भारत 11 साल पहले समझौता एक्सप्रेस में मौत के घाट उतारे गए 42 पाकिस्तानियों को इंसाफ देने में नाकाम रहा है. उन्होंने यह भी कहा कि पाकिस्तानी सशस्त्र बल 'सभी संभावनाओं के प्रति सजग हैं' और अपने देश की अखंडता की रक्षा के लिए पूरी तरह से तैयार हैं. दस्तगीर ने कहा, 'पाकिस्तान केंद्रित एक आक्रामक नीति और युद्धोन्मादी सत्ता के तहत तैयार बल, भारत द्वारा किसी संभावित सामरिक गलत कदम को उठवा सकते हैं, जिसका दक्षिण एशिया की स्थिरता पर गंभीर प्रभाव पड़ेगा.


यही है पाकिस्तान का असली चेहरा


दैनिक डान ने खान के हवाले से कहा, 'पाकिस्तानी सशस्त्र सेनाएं देश की हिफाजत के लिए पूरी तरह तैयार हैं और भारतीय आक्रामकता, रणनीतिक चूक, दुस्साहस भले ही वह किसी भी स्तर की हो का समान रूप से जवाब दिया जाएगा.' विदेश मंत्रालय के एक प्रवक्ता ने कहा, 'भारतीय आरोप अपरिपक्व और बेवक्त हैं खासतौर पर तब जब यह बयान आया तो भारत खुद मान रहा है कि अभियान अब भी चल रहा है और जांच अभी शुरू ही हुई है.'