श्रवणबेलगोला/बेंगलुरु. कर्नाटक के श्रवणबेलगोला में शनिवार को भगवान बाहुबली के महामस्तकाभिषेक की शुरुआत हुई। यह 9 दिन तक चलेगा। यह आयोजन हर 12 साल पर किया जाता है। पहले अभिषेक का लाभ राजस्थान के कारोबारी अशोक पाटनी परिवार ने लिया। उन्होंने इसके लिए 11.61 करोड़ रुपए दान किए।



- कर्नाटक के विंध्यगिरि में चंद्रगिरि पर्वत पर स्थित भगवान बाहुबली की प्रतिमा 57 फुट ऊंची है। जिसका अभिषेक करने दूर-दूर से लोग आते हैं।


- पहले दिन इसमें लाखों देशी-विदेशी भक्तों के बीच भगवान बाहुबली का 108 कलशों से महामस्तकाभिषेक किया गया। बाकी 8 दिन 1008 कलशों से अभिषेक होगा।


- कर्मयोगी स्वस्तिश्री चारूकीर्ति भट्‌टारक स्वामी के नेतृत्व में बाहुबली की प्रतिमा का पवित्र जल, केसर, चंदन, दूध, दही, सोने के सिक्के और पुष्पों से किया गया।


- 17 फरवरी से लेकर 25 फरवरी तक बाहुबली का महामस्तकाभिषेक किया जाएगा। 26 फरवरी को इसका समापन किया जाएगा। हालांकि अभिषेक की सुविधा श्रद्धालुओं को अगस्त तक मिलेगी।


पाटनी परिवार ने 11 करोड़ रु. दान कर पहला अभिषेक किया

- पाटनी परिवार ने 11.61 करोड़ रुपए दान किए हैं। इससे 200 बिस्तर के अस्पताल का निर्माण किया जाएगा।


- साल 2006 में उन्होंने 1.06 करोड़ रुपए दिए थे। महाकुंभ के आयोजन पर करीब 500 करोड़ रुपए खर्च हो रहे हैं।


- पिछली बार 2006 में इस आयोजन पर करीब 120 करोड़ रुपए खर्च हुए थे।

- यहां ठहरने के लिए 26 उपनगर बसाए गए हैं। इस पर करीब 75 करोड़ रुपए का खर्च आया है।