श्रीगंगानगर नगर परिषद की शुक्रवार को हुई बजट बैठक हंगामे की भेट चढ़ गई. सुबह 11 बजे शुरू हुई मीटिंग में पार्षदों ने इस बात पर एतराज जताया कि बजट बैठक से पहले साधारण सभा की बैठक बुलाई जानी चाहिए. इस दौरान भारी संख्या में पार्षद कमिश्नर और सभापति के आगे आकर हंगामा करने लगे. हंगामे की नौबत यहां तक आ गई कि कई पार्षद आपस में हाथापाई पर भी उतर आए. पार्षद कमला बिश्नोई और उपसभापति अजय दावड़ा के बीच काफी देर तक तू तू मैं मैं हुई. दोनों ने एक-दूसरे पर शहर के हितों की अनदेखी का आरोप लगाते हुए सभापति का पक्ष लेने का विरोध किया


नगर परिषद को इस बार लगभग 187 करोड़ का बजट पास करवाना था. जिनमें आवासीय भवनों से किराया, विभिन्न प्रकार के शुल्क आदि के जरिए 18,697 लाख रुपए के अनुमानित आय बजट की घोषणा की गई. पार्षदों के विरोध के बाद सभापति अजय चांडक उठे और पिछले दिनों दिवंगत हुए पार्षद को श्रद्धांजलि दी. पार्षदों के हंगामे के बाद बजट को पढ़ा हुआ मान लिया गया. जिसमें पार्षदों ने अपने हाथ खड़े कर सहमति दी. इसे लेकर काफी तू तू मैं मैं हुई.


बजट बैठक के बाद सभापति अजय चांडक ने कहा कि जिस प्रकार से राज्य सरकार से पैसे आते जाएंगे उसी हिसाब से वार्डों में विकास कार्य होंगे. सभी वार्डों में 30 लाख रुपए के विकास कार्य किए जाने प्रस्तावित है. जिन्हें अतिशीघ्र पूरा करवाया जाएगा. इधर पार्षदों ने इस बात को स्वीकार किया कि अतिक्रमण के कारण बिगड़े हालातों के चलते बजट बैठक से पहले साधारण सभा की बैठक बुलाई जानी जरूरी थी.