सिडनी  । ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान इयान चैपल ने कहा है कि इंग्लैंड के खिलाफ पांच मैचों की टेस्ट सीरीज में भारत जीत सकता है क्योंकि इंग्लैंड की बल्लेबाजी कमजोर है। चैपल ने लिखा, ‘भारत के पास इंग्लैंड  को टेस्ट सीरीज में उनकी जमीन पर हराने का अच्छा मौका है। चैपल ने इंग्लैंड की टीम में कई कमजोरियों की ओर संकेत किये जिसमें एलिस्टर कुक के प्रदर्शन के साथ सलामी बल्लेबाजी के लिए उनके जोड़ीदार का बार-बार बदलना और तेज गेंदबाजी विभाग में सिर्फ दाएं हाथ के गेंदबाजों का होना शामिल हैं। उन्होंने कहा कि ऑफ स्पिनर डोम बेस अनुभवहीन है। चैपल ने लिखा, ‘इंग्लैड का शीर्ष कर्म बार-बार डगमगा रहा है, दोनों सलामी बल्लेबाजों के लचर प्रदर्शन से यह आश्चर्यजनक नहीं है। कुक के साथ पारी की शुरुआत के लिए कई बल्लेबाजों को आजमाया गया। कुक का प्रदर्शन भी लचर रहा है।’ उन्होंने कहा, ‘कुक ने दो दोहरे शतक जरूर लगाए लेकिन इससे इस तथ्य में कोई बदलाव नहीं आएगा कि उन्होंने पिछले एक साल में 29 टेस्ट पारियों में 19 बार 20 रन से कम की पारी खेली है जिसमें वह दस बार दो अंकों के आंकड़े तक भी नहीं पहुंचे। अगर सलामी बल्लेबाज लगातार अंतराल पर शतक नहीं लगाता है तो भी उसे यह तय करना होता है कि मध्यक्रम को नई गेंद का सामना नहीं करना पड़े और कुक इन दोनों मोर्चों पर विफल रहे हैं।’ 

स्पिनरों के बारे में बात करते हुए चैपल ने कहा, ‘ऑफ स्पिनर डॉम बेस का चयन है जो ऊर्जावान क्रिकेटर है।’ उन्होंने कहा, ‘उनकी बल्लेबाजी और खेल में बने रहने की जीवटता की तारीफ की जानी चाहिए लेकिन पहली नजर में लगता है कि उनकी ऑफ स्पिन से भारतीय टीम को कोई खास परेशानी नहीं होगी। हेडिंग्ले में एक ओवर में उन्होंने इतनी फुलटॉस गेंद फेंकीं जितनी रविचंद्रन अश्विन पूरे साल में भी नहीं फेंकते हैं। ऐसी गेंदबाजी का विराट कोहली और मुरली कार्तिक लुत्फ उठाऐंगे।’ उन्होने कहा कि एंडरसन जैसे गेंदबाज होने के बाद भी तेज गेंदबाजी में विविधता की कमी का भी अगस्त में होने वाली टेस्ट सीरीज में इंग्लैंड के प्रदर्शन पर असर पड़ेगा।