राजस्थान में विधानसभा चुनाव की सियासी रणभेरी बज चुकी है और पिछले दो महीने से रिक्त पड़े भारतीय जनता पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष पद पर भी इसी सप्ताह नियुक्ति तय मानी जा रही है. प्रदेश में पार्टी के नए सिपाहसलार पर जारी कश्मकश को खत्म करने के लिए राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने बुधवार को मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे समेत प्रमुख नेताओं को दिल्ली तलब किया है.


पार्टी के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष अशोक परनामी ने 16 अप्रैल को अपने पद से इस्तीफा दिया था और तब से करीब 2 महीने तक पार्टी बिना अध्यक्ष के डांवाडोल स्थिति से गुजर रही है. इस दरमियान नए प्रदेशाध्यक्ष के उम्मीदवार के रूप में कई नेताओं के नाम सुर्खियों में आए. आखिर में केंद्रीय नेतृत्व की ओर से केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत का नाम सामने आया, लेकिन प्रदेश नेतृत्व से शेखावत के नाम पर सहमति नहीं मिलने से प्रदेशाध्यक्ष की घोषणा फिर से अटक गई.


माना जा रहा है प्रदेश नेतृत्व के रुख और फिर कर्नाटक विधानसभा चुनाव के चलते समय गुजरते-गुजरते 2 महीने बीत चुका है. अब प्रदेश विधानसभा चुनाव की घड़ी को करीब आता देख अमित शाह ने दिल्ली में बैठक बुलाई है.


इस बैठक में सीएम वसुंधरा के साथ प्रदेश कोर कमेटी के सदस्य भूपेंद्र यादव, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ओम माथुर, केंद्रीय मंत्री अर्जुनराम मेघवाल, केंद्रीय राज्य मंत्री सीआर चौधरी, प्रदेश के गृहमंत्री गुलाबचंद कटारिया, पंचायतीराज मंत्री राजेंद्र राठौड़, परिवहन मंत्री युनूस खान और सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री अरुण चतुर्वेदी के भी शामिल होने की संभावना है.