नई दिल्ली, दिल्ली प्रशासन में काम कर रहे आईएएस अफसरों की हड़ताल को लेकर उपराज्यपाल के आवास पर धरने पर बैठे मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला बोला है. उन्होंने दिल्ली सरकार के लिए काम करने वाले आईएएस अफसरों के हड़ताल पर जाने के लिए पीएम मोदी को जिम्मेदार बताया है.


सीएम केजरीवाल ने रविवार सुबह ट्वीट करते हुए कहा, 'जो प्रधानमंत्री किसी राज्य में अफ़सरों की हड़ताल करवा के वहां का काम-काज ठप करता है, क्या ऐसे प्रधानमंत्री के हाथों में देश का लोकतंत्र सुरक्षित है?'


केजरीवाल दिल्ली प्रशासन में काम कर रहे आईएएस अधिकारियों की अघोषित हड़ताल समाप्त करवाने, काम नहीं करने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई करने और गरीबों के घर राशन पहुंचाने के दिल्ली सरकार के प्रस्ताव को मंजूरी देने की मांग कर रहे हैं. केजरीवाल दिल्ली में नौकरशाहों की 'हड़ताल' खत्म करवाने के लिए अपने मंत्रिमंडल के सहयोगियों के साथ उपराज्यपाल के कार्यालय में सात दिन से धरना पर बैठे हैं.


पीएम  आवास तक निकालेंगे मार्च


इस बीच आम आदमी पार्टी के नेता और कार्यकर्ता उपराज्यपाल के आवास पर धरने पर बैठे मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और उनके मंत्रियों को तवज्जो नहीं देने के विरोध में रविवार को प्रधानमंत्री आवास तक मार्च निकालेंगे. पार्टी के एक नेता ने यह जानकारी दी.


'आप' के प्रवक्ता पंकज गुप्ता ने शनिवार को मीडिया से कहा, दिल्ली एक ऐसा विशाल प्रदर्शन करने की तैयारी में है, जैसा हमने पहले किया था, जिसने इसके राजनीतिक परिदृश्य को बदलकर रख दिया था. उन्होंने कहा, हमने यथासंभव पूरी कोशिश की, लेकिन वे सुनने के लिए तैयार नहीं हैं.


गुप्ता ने कहा कि न केवल पार्टी कार्यकर्ता, बल्कि आम जनता भी इस मार्च में भाग लेगी, जोकि रविवार को मंडी हाउस मेट्रो स्टेशन से शुरू होगा.


गौरतलब है कि केजरीवाल, उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया और कैबिनेट मंत्री सत्येन्द्र जैन और गोपाल राय के साथ सोमवार शाम से उपराज्यपाल के आवास-सह-कार्यालय 'राज निवास' में धरना दे रहे हैं. जबकि सिसोदिया और जैन अनिश्चिकालीन भूख हड़ताल पर हैं. 


इस बीच, जम्मू कश्मीर पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कांफ्रेंस के नेता  उमर अब्दुल्ला ने भी सीएम केजरीवाल के पक्ष में खड़े हो गए हैं. उन्होंने ट्वीट कर कहा, 'तर्क और दलील भूला दिया गया है. दिल्ली की जनता द्वारा निर्वाचित और भारी बहुमत से जीत हासिल करने वाले सीएम उप-राज्यपाल के आवास पर पिछले 6 दिन से धरना दे रहा है. ऐसी शक्तियां किसी की परवाह नहीं कर सकती हैं. क्या लोकतंत्र की किसी को परवाह है?'

दिल्ली में मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के पिछले 7 दिन से चल रहे धरने पर चार राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने खुलकर समर्थन दे दिया.  केजरीवाल के आवास पर पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी, आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू, कर्नाटक के मुख्यमंत्री एच डी कुमारस्वामी और केरल के मुख्यमंत्री पिनरायी विजयन ने केंद्र से तुरंत 'संकट' का समाधान करने को कहा. हालांकि केजरीवाल से नहीं मिलने देने पर इन मुख्यमंत्रियों ने केंद्र पर निशाना साधा और पीएम मोदी के समक्ष इस मसले को उठाने की घोषणा की.