पीलीभीत के गजरौला थाना इलाके में रास्ते को लेकर विवाद में दो पक्षों में जमकर लाठी और डंडे चले. ग्राम प्रधान द्वारा दोनों पक्षों के बीच समझौता करा दिया गया. लेकिन पुलिस की सहमति नही मांगी. जिसके बाद विवाद दोबारा हो गया. मामले में ग्राम प्रधान को गांव से थाने लाने के प्रयास में ग्रामीण और पुलिस के बीच जमकर मारपीट हुई. जिसके बाद पुलिस ने 70 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है.

पूरा मामला शनिवार रात का है. जब जनपद के थाना गजरौला क्षेत्र के नदहा गांव में रास्ते के निकास को लेकर दो पक्षों में विवाद हुआ. आरोप है कि विवाद में दो पक्ष दिलीप कुमार व चन्दनलाल का समझौता तो करा दिया गया, मगर तब तक पूरे गांव छावनी में तब्दील कर दिया गया था. दरअसल रास्ते के विवाद को लेकर ग्राम प्रधान सुंदरलाल ने मौके पर पहुंचकर दिलीप कुमार व चंदन लाल का दिन में ही फैसला करा दिया. रात में करीब 9 बजे दोनों पक्षो के लोगों ने शराब के नशे में हंगामा किया.

दोबारा दोनों पक्षो में जमकर खूनी संघर्ष हुआ. देखते ही देखते पूरे गांव में लाठी-डंडे व चीखने चिल्लाने की आवाजें आने लगीं. ग्रामीण चंदन ने घटना की सूचना जरा पुलिस चौकी पर दी. चौकी से पुलिस पहुंची तो जांच में ग्रामप्रधान सुंदरलाल से पूछताछ की. आरोप है कि ग्राम प्रधान शराब के नशे में था. उसने पुलिस से अभद्रता भी की. जिसके बाद पुलिस ने फोर्स के साथ प्रधान के घर में सभी को डंडे से पिटाई कर दी.


पुलिस द्वारा प्रधान को पकड़ कर ले समय गांव के लोंगो ने पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया. इस दौरान पुलिस वाहन क्षतिग्रस्त हो गए, वहीं पुलिसकर्मियों को मामूली चोटें भी आईं. इस पूरी घटना की जानकारी होते ही क्षेत्राधिकारी धर्म सिंह मार्छल मौके पर पहुंचे. पुलिस अधिकारियों के अनुसार आरोपियों पर मुकद्दमा दर्ज कर लिया गया है.