नई दिल्ली दक्षिण और पूर्वोत्तर में अच्छी बारिश के बावजूद मध्य एवं पूर्वी भारत में मानसून के आने में देरी हो गई है। हालांकि, इसके दिल्ली में तय समय 29 जून को पहुंचने की उम्मीद है। मौसम विभाग ने दावा किया है कि 22 जून से मानसून फिर से सक्रिय हो जाएगा। इसके बाद  उत्तर भारत में भी जोरदार बारिश होगी। 


मौसम विभाग के महानिदेशक डॉ. के.जे. रमेश के अनुसार, मानसून अभी तक पश्चिम बंगाल में ही ठिठका हुआ है। करीब-करीब यह स्थिति हमेशा होती है जब मानसून पश्चिम बंगाल का पड़ाव पूरा कर विराम लेता है। लेकिन इस बार यह विराम थोड़ा लंबा खिंच गया है। 12 जून से ठिठका मानसून अब 22 जून से ही सक्रिय हो पाएगा। 

मानसून को अब तक मध्य प्रदेश, झारखंड, ओडिशा, बिहार होते हुए पूर्वी उत्तर प्रदेश में प्रवेश कर जाना चाहिए था। इस हिसाब से इसमें थोड़ी देरी हो गई है। लेकिन विभाग को उम्मीद है कि 22 जून को सक्रिय होने के बाद एक सप्ताह के भीतर यह झारखंड, बिहार, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और दिल्ली तक छा जाएगा। दिल्ली में मानसून के आगमन की तिथि 29 जून है। उम्मीद है कि दिल्ली में तय समय पर मानसून पहुंच जाएगा। 


दक्षिण-पूर्वोत्तर में अच्छी बारिश : रमेश ने कहा कि अभी तक मानसून देश के दो हिस्सों दक्षिण एवं पूर्वोत्तर में पहुंचा है और दोनों हिस्सों में अच्छी बारिश हुई। विभाग ने मध्य एवं उत्तर-पश्चिमी हिस्से में भी अच्छी बारिश की संभावना व्यक्त कर रखी है। 

पिछले कुछ दिनों से छाए धूल के गुबार से भी मुक्ति मिली। दूसरी ओर, सड़कों पर पानी भर जाने से लोगों को काफी परेशानी हुई। शहर की कई कालोनियों और क्षेत्रों में भी जलभराव हो गया। पानीपत में भी सुबह बारिश हुई। इससे शहर में चल रहे राहगीरी कार्यक्रम में व्यवधान हुआ। बारिश से लोगों को  गर्मी से राहत मिली। इसके साथ ही लोगों को पिछले कुछ दिनों से छाए प्रदूषण से राहत मिली। हिसार और फतेहाबाद में भी बादल छाए रहे। हिसार शहर के आसपास के क्षेत्र में अच्छी बारिश हुई।