महराजगंज एवरेस्ट इंग्लिश स्कूल के गर्ल्‍स टॉयलेट में हिडेन कैमरा सुनियोजित साजिश के तहत लगाया गया था। शुरुआती जांच और गिरफ्तार पूर्व शिक्षकों अश्वनी गुप्त और विजय बहादुर से पूछताछ के अनुसार पुलिस ने दावा किया है कि गर्ल्‍स टॉयलेट के वीडियो क्लिप को दिल्ली में एक दलाल के माध्यम से अश्लील साइटों को बेचेे जाते थे। इस काम को स्कूल संचालिका आखोपूरो का भाई एजो अंजाम देता था। हालांकि इसमें स्कूल संचालिका की संलिप्तता नहीं मिली है। मामले की जानकारी होने पर उसने दोनों शिक्षकों को स्कूल से निकाल दिया। भाई को भी बाहर भेज दिया।


लेडीज टॉयलेट में हिडेन कैमरा लगाने का पूरा मामला दब चुका था। इस बीच गुरुवार को वीडियो वायरल होकर परिजनों तक पहुंच गया। बड़ी संख्या में परिजन स्कूल पहुंच हंगामा करने लगे। पुलिस मौके पर पहुंची और जांच के लिए स्कूल को खाली करा दिया। इस बीच टॉयलेट के दरवाजे में करीब दो इंच चौकोर जगह कटी हुई मिली। आशंका है कि उसी में दोनों पूर्व शिक्षकों और एजो ने मिलकर हिडेन कैमरा सेट किया था।


मामले की जानकारी होने पर स्कूल प्रशासन ने उस जगह को लकड़ी के बुरादे से भरवा कर पेंट करा दिया। इस कारण आसानी से पता नहीं चल रहा कि दरवाजे में कहीं कुछ लगाया गया था। इस बीच लेडीज टॉयलेट के वीडियो क्लिप के व्यावसायिक प्रयोग की जानकारी होने पर आला पुलिस अधिकारियों ने गिरफ्तार अश्वनी गुप्त, विजय बहादुर और आखोपूरो से देर रात पूछताछ की। कई अहम जानकारी हाथ लगी है। उसी आधार पर पुलिस जांच को आगे बढ़ा रही है।  


एसपी आरपी सिंह ने बताया कि स्कूल संचालिका आखोपूरो को हिडेन कैमरा लगाने की जानकारी पहले ही हो गई थी। लेकिन उन्होंने यह बात पुलिस से छिपाई। ऐसे में हम यह भी पता करने की कोशिश कर रहे हैं कि क्लिप का कहीं व्यावसायिक उपयोग तो नहीं हो रहा था। इसके लिए महराजगंज से लगायत दिल्ली तक की कड़ियां जोड़ीं जा रहीं हैं। एजो की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम गठित कर दी गई है।


पूर्व शिक्षक के मोबाइल में मिले हैं सैकड़ों वीडियो क्लिप 

कोतवाली पुलिस के अनुसार अश्वनी के मोबाइल से टॉयलेट के अंदर के सैकड़ों आपत्तिजनक वीडियो क्लिप बरामद हुए हैं। अश्वनी के मुताबिक वीडियो विजय बहादुर ने उसे दिया था जो गलती से वायरल हो गया। विजय बहादुर ने पुलिस को बताया कि संचालिका के भाई एजो ने लेडीज टॉयलेट में कैमरा लगवाया था।


एक वीडियो क्लिप में वह कैमरा लगाते हुए दिख भी रहा है। विजय बहादुर के मुताबिक वह एक दिन लेडीज टॉयलेट में गया। अचानक दरवाजा खोलने पर कैमरा नीचे गिर गया। उसने उसे उठा लिया और फरेंदा में एक व्यक्ति को बेच दिया। लेकिन उसकी चिप पास में ही है। देर रात कोतवाली पुलिस ने फरेंदा से हिडेन कैमरा बरामद कर लिया।