लखनऊ।  शहर के स्कूलों में पालीथीन के इस्तेमाल पर रोक लगा दी गई है। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अमर कांत सिंह ने इस संबंध में मंगलवार को निर्देश जारी किए हैं। बीएसए ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को इसे लागू करने सुनिश्चित करने को कहा है। साथ ही, सरकारी स्कूलों के बच्चों के माध्यम से अपने क्षेत्र में जागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं।


पालीथीन पर प्रतिबंध की तैयारी पूरी, आदेश जल्द

राज्य सरकार ने 50 माइक्रान से पतली पालीथीन पर प्रतिबंध लगाने के लिए तैयारियां पूरी कर ली हैं। प्रमुख सचिव नगर विकास मनोज कुमार सिंह ने सोमवार को फैक्ट्री मालिकों और व्यापारियों के साथ बैठक की। इसमें प्रतिबंध पर सहमति जताई गई।

मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ ने 15 जुलाई से 50 माइक्रान से पतली पालीथीन पर कड़ाई से प्रतिबंध लगाने का निर्देश नगर विकास विभाग को दिया है। कहा है कि पहले चरण में शहरी क्षेत्रों में इसे कड़ाई से प्रतिबंधित किया जाएगा। इसके बाद गांवों में इस पर रोक लगाई जाएगी। प्रमुख सचिव नगर विकास इसके आधार पर पतली पालीथीन पर प्रतिबंध लगाने की तैयारियों में जुट गए हैं।


प्रतिबंध के बाद ना बने और ना ही बिके :


उन्होंने सोमवार को पालीथीन बनाने वाले फैक्ट्री मालिकों व व्यापारियों के साथ बैठक की। इसमें वर्ष 2016 में जारी उस आदेश का हवाला भी दिया गया, जिसमें पालीथीन पर प्रतिबंध की बात कही गई है। फैक्ट्री मालिक और व्यापारियों ने इस पर सहमति जताते हुए कहा है कि प्रतिबंध के बाद जांच के नाम पर उत्पीड़न नहीं होना चाहिए। प्रमुख सचिव नगर विकास ने कहा है कि प्रतिबंध लगने वाले दिन से किसी भी कीमत पर इसे न बनाया जाए और न बेचा जाए। ऐसा करने वालों के खिलाफ नियमत: कार्रवाई की जाएगी। प्रमुख सचिव ने बताया कि नगर विकास विभाग इस संबंध में जल्द शासनादेश जारी करने वाला है।