छत्तीसगढ़ के धमतरी के मगरलोड थाना क्षेत्र में युवती से छेड़खानी मामला पुलिस और प्रशासन के लिए सिरदर्द बन गया है. मामले में एक नया मोड़ आ गया है. इस मोड़ ने न सिर्फ पुलिस की कार्रवाई को प्रभावित किया है. बल्की जिला प्रशासन व पुलिस के सामने धर्म संकट की स्थिति भी पैदा कर दी है.


दरअसल मगरलोड थाना क्षेत्र के गांव की एक युवती ने पुलिस व जिला प्रशासन से एक युवक ​के खिलाफ छेड़खानी की शिकायत की थी. युवती का आरोप था कि छेड़खानी से परेशान होकर उसे अपनी पढ़ाई छोड़नी पड़ी है. युवती ने पुलिस पर शिकायत के बाद भी कार्रवाई नही करने का आरोप धमतरी कलेक्टर से लगाया था कि और कार्रवाई न होने की स्थिति में उसे परिवार सहित मौत की अनुमति देने इजाजत की मांग की थी. इसके लिए लिखित आवेदन भी दिया था.


पुलिस ने जांच की तो चौकाने वाला मामला सामने आया. जिस युवक पर छेड़छाड़ का आरोप लगा है, वो शिकायतकर्ता युवती का जीजा है. युवती द्वारा कलेक्टर को शिकायत करने के दूसरे दिन उसकी बड़ी बहन अपने पति के साथ कलेक्टोरेट पहुंची और कलेक्टर के सामने अपना बयान दर्ज कराया.शिकायतकर्ता युवती की बहन ने कलेक्टर को बताया कि तमाम आरोप झूठे हैं. क्योंकि उसने अन्य जाति के लड़के से प्रेम विवाह कर लिया है. युवती की बहन ने बताया कि प्रेम विवाह से नाराज उसकी बहन और पिता उसके पति को झूठे आरोप में फंसा रहे हैं. ताकि वो अपने पति से अलग हो जाए. आरोपी की पत्नी ने बताया कि उसकी बहन ने जो एसएमएस पुलिस और प्रशासन को दिखाए हैं, वो शादी से पहले मेरे पति ने मेरे लिए किए थे.


ऐसे में सवाल खड़ा होता है कि क्या युवती ने अपनी बहन की शादी तुड़वाने और उसे अपने पति से अलग करने के लिए प्रशासन से मौत की मांग की थी. हालांकि मामले में धमतरी एसपी रजनेश सिंह का कहना है कि सभी पक्षों से पूछताछ कर बयान दर्ज किया जा रहा है. पुलिस हर बिन्दु पर जांच कर रही है. मामले में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी. सुलह के लिए मामले को सखी सेंटर को सौंप दिया गया है.