ग्वालियर  ।   प्रदेश सरकार के सबसे कमाउâ परिवहन विभाग के साथ ग्वालियर संभागीय कार्यालय का कामकाज विभाग के कर्मचारियों के अलावा रिटायर्ड और प्राइवेट कर्मचारियों के सहारे चल रहा है। विभाग का मुख्यालय हो या आरटीओं कार्यालय की गोपनीय शाखा हो या अन्य महत्वपूर्ण कार्य प्राइवेट और कर्मचारियों   के हाथों मे  है।  विभाग के मुख्यालय के अलावा आरटीओं कार्यालय में प्राइवेट कर्मचारी खुले आम वर्षो से अपनी सेवाएंं दे रहे है लेकिन विभाग के आला अधिकारियों को यह दिखाई नहीं देता है। पूर्व में एक प्राइवेट कर्मचारी जब विभाग की लाखों की नगदी लेकर जा रहा था तब पडाव थाना क्षेत्र में लूट भी हो चुकी है। लेकिन लूट की यह राशि विभाग के कर्मचारियों ने पूरी भी कर दी।   आज भी आरटीओं कार्यालय में प्राइवेट कर्मचारी अधिकारियों की देखरेख में सारा कामकाज कर रहे है। इतना ही नहीं बीते रोज जब आरटीओ शहर में बसों की चैकिंग कर रहे थे तब विभाग मे काम करने वाला भागीरथ नाम का प्राइवेट कर्मचारी आरटीओं के साथ  बसों की चैकिंग करता नजर आ रहा था। परिवहन कार्यालय में विभाग के कर्मचारियो की संख्या से चौगुने प्राइवेट कर्मचारी सालों सेकाम रहे है। वर्तमान में आरटीओं कार्यालय में विभाग के रिटायर्ड कर्मचारी विष्णु अष्ठाना अपनी सेवाएं दे रहे है। श्री अष्ठाना आरटीओं के सबसे खास माने जाते है। रिटायर्ड होने के बाद भी श्री अष्ठना कार्यालय मे आकर सभी महत्वपूर्र्ण फाइलें तो निपटा ही रहे है  साथ ही वह आज भी आरटीओ के साथ कार्यालय तथा मुख्यालय में नजर आते है।सूत्रों की माने तो  आरटीओ कार्यालय में वर्षो से प्राइवेट कर्मचारी के रुप में अपनी सेवाएं दे रहे भागीरथ विभाग मे काम करने वाले दलालों से वसूली के अलावा लेन देन तथा धन वितरण का भी काम कर रहे है। विभाग में प्राइवेट कर्मचारी सालों से अपनी सेवाएं दे रहे हे लेकिन मुखिया को आज तक कार्यालय में ऐसे कर्मचारी नजर ही नहीं आए।  वैसे प्राइवेट कर्मचारियों के कार्यालय में काम करने की शिकायते पूर्व में विभाग के आला अधिकारियों तक पहुंची भी लेकिन उन्हें ठंडे बस्ते मे डाल दिया गया।