प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पुणे में होने वाले डीजीपी और आईजीपी कॉन्फ्रेंस में हिस्सा लेने के लिए पुणे पहुंच गए हैं. वहां  राज्यपाल और सीएम उद्धव ठाकरे ने उनका स्वागत किया.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पुणे में होने वाले डीजीपी और आईजीपी कॉन्फ्रेंस में हिस्सा लेने के लिए पुणे पहुंच गए हैं. वहां पर उनके पहुंचते ही राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी, गृह मंत्री अमित शाह, सीएम उद्धव ठाकरे और नेता विपक्ष देवेंद्र फडणवीस ने उनका स्वागत किया.

उद्धव ठाकरे के महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री बनने के बाद पीएम मोदी से ये उनकी पहली मुलाकात है. पीएम मोदी राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी और मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के साथ डीजीपी और आईजीपी कॉन्फ्रेंस में हिस्सा लेंगे.

क्यों अहम है उद्धव और मोदी की मुलाकात?

पीएम मोदी और शिवसेना प्रमुख व सीएम उद्धव ठाकरे की यह मुलाकात इसलिए भी अहम है क्योंकि हाल में ही शिवसेना ने भारतीय जनता पार्टी से नाता तोड़कर कांग्रेस और एनसीपी के साथ गठबंधन किया और प्रदेश में सरकार बनाई.

बता दें कि महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में शिवसेना और बीजेपी ने एक साथ चुनाव लड़ा था. हालांकि, चुनाव के बाद सरकार गठन को लेकर दोनों पार्टियों के बीच मतभेद हो गया, जिसके कारण बीजेपी सरकार बनाने में नाकाम रही. हालांकि, शिवसेना और एनसीपी द्वारा सरकार बनाने से इनकार करने पर महाराष्ट्र में राष्ट्रपति शासन लागू कर दिया गया.

राष्ट्रपति शासन लगने के बाद कांग्रेस, शिवसेना और एनसीपी का गठबंधन

राष्ट्रपति शासन के लगने से एनसीपी, कांग्रेस और शिवसेना को भी आपसी तालमेल बनाने का समय मिला और देखते ही देखते तीनों पार्टियों ने सीएमपी यानी कॉमन मिनिमम प्रोग्राम के तहत 5 साल तक सरकार चलाने का  समझौता किया. इसके बाद तीनों दलों ने  शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे को अपना नेता चुना, जिसके बाद ठाकरे महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री बने.
तीन दिन तक चलेगा कॉन्फ्रेंस

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी यहां 6 से 8 दिसंबर तक चलने वाले डीजीपी और आईजीपी के सम्मलेन में शामिल होंगे. तीन दिवसीय सम्मेलन में राज्य पुलिस बलों, केंद्रीय जांच एजेंसियों, आसूचना एजेंसियों और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के शीर्ष अधिकारी भाग लेंगे और आतंरिक सुरक्षा संबंधी विषयों पर चर्चा करेंगे.

सम्मेलन पुणे के पाषाण क्षेत्र में स्थित भारतीय विज्ञान शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान (IISR) के परिसर में आयोजित होगा. एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने न्यूज एजेंसी पीटीाई को बताया, 'गृह मंत्रालय प्रतिवर्ष यह सम्मेलन आयोजित कराता है. पहले आयोजन दिल्ली में होता था लेकिन नरेंद्र मोदी के प्रधानमंत्री बनने के बाद हर साल अलग-अलग शहरों में सम्मेलन आयोजित होता है.' पिछले साल सम्मेलन गुजरात के केवडिया में आयोजित हुआ था.