कांग्रेस ने महंगाई, भ्रष्‍टाचार, किसानों की बदहाली, आर्थिक मंदी, व्‍यापार के चौपट होने व युवाओं की बेरोजगारी के मुद्दे पर गुजरात सरकार के खिलाफ धरना प्रदर्शन का ऐलान किया है.
कांग्रेस ने महंगाई, भ्रष्‍टाचार, किसानों की बदहाली, आर्थिक मंदी, व्‍यापार के चौपट होने व युवाओं की बेरोजगारी के मुद्दे पर गुजरात सरकार के खिलाफ धरना प्रदर्शन का ऐलान किया है.

जनवेदना आंदोलन में राजस्थान के मुख्‍यमंत्री अशोक गहलोत अहमदाबाद में पहुंचे थे. उन्होंने शराबबंदी को लेकर गुजरात सरकार पर जमकर हमला किया और कहा कि विजय रुपाणी रिमोट से चलने वाले हैं.

उन्होंने का कि सत्ता में बैठे हुए जो लोग हैं उनका लोकतंत्र में यकीन नहीं है, वो फासिस्ट लोग हैं जिनका मुखौटा BJP का है और शासन RSS कर रहा है. रिमोट कंट्रोल नागपुर से है. बिना पूछे न मंत्री बन सकता है ना मुख्यमंत्री.

गहलोत ने कहा, इनकी अथॉरिटी संविधान से ऊपर है. एक्स्ट्रा कांस्टीट्यूशनल अथॉरिटी के रूप में RSS देश में काम कर रहा है.

गौरतलब है कि पिछले दिनों शराबबंदी को लेकर गहलोत के बयान के बाद गुजरात से लेकर दिल्‍ली इसकी चर्चा रही थी. राजस्‍थान में शराबबंदी के सवाल पर गहलोत ने गुजरात का उदाहरण देते हुए कहा था कि यहां शराबबंदी के बावजूद सबसे अधिक शराब पी जाती है.

अशोक गहलोत ने शराब को लेकर गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रुपाणी पर हमला किया. गहलोत ने कहा कि गुजरात की युवा पीढ़ी बर्बाद हो रही है. इतना ही नहीं बल्कि गुजरात में लागू शराबबंदी कानून विफल साबित हो रहा है. गुजरात में शराब पीने का रिवाज है. गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रुपाणी भी जानते हैं कि गुजरात में शराब पी जाती है.