मुंबई । महाराष्ट्र मंत्रिमंडल विस्तार में लगभग 30 दिसंबर को 36 मंत्री शपथ ले सकते हैं। फिलहाल मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे मंत्रिमंडल में उनके अलावा छह मंत्री हैं।
सूत्रों के अनुसार कैबिनेट विस्तार में मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे 28 कैबिनेट मंत्री और 8 राज्य मंत्री शामिल करेंगे। शिवसेना, एनसपी, कांग्रेस तीनों दलों के बीच हुए सत्ता साझेदारी के फॉर्म्युले के तहत शिवसेना के पास मुख्यमंत्री के अलावा 16 मंत्री होंगे। वहीं एनसीपी के 14 और कांग्रेस के 12 मंत्री होंगे।  मंत्रिमंडल विस्तार में अजित पवार का नाम उपमुख्यमंत्री पद की रेस में सबसे आगे है।
दिल्ली के सूत्रों के मुताबिक उद्धव ठाकरे सरकार में कांग्रेस को दिए जा रहे मंत्रालयों को लेकर कांग्रेस नेतृत्व खुश नहीं है। कांग्रेस नेतृत्व को लग रहा है कि शिवसेना और एनसीपी मिलकर महत्वपूर्ण मंत्रालय आपस में बांट ले रहे हैं, जबकि सच्चाई यह है कि इस सरकार का वजूद कांग्रेस के समर्थन पर टिका है। सूत्रों का कहना है है कि कांग्रेस के महाराष्ट्र प्रभारी मल्लिकार्जुन खड़गे, एनसीपी चीफ शरद पवार के साथ चर्चा कर गृह मंत्रालय कांग्रेस को दिए जाने की मांग कर सकते हैं।
तीनों पार्टियों के प्रमुख नेताओं में मंत्री पद पाने के लिए जोरदार लॉबिंग चल रही है। कांग्रेस की राज्य इकाई के अध्यक्ष बालासाहेब थोराट ने बताया कि कांग्रेस को 12 मंत्री पद मिलने हैं, जिसमें से 10 कैबिनेट रैंक के होंगे। कांग्रेस के कई दावेदारों को निराश होना पड़ सकता है। कांग्रेस विदर्भ से नाना पटोले को विधानसभा अध्यक्ष और नितिन राउत को कैबिनेट मंत्री बना चुकी है। अब भी विदर्भ से विजय वटेड्डीवार, यशोमति ठाकुर, सुनील केदार जैसे नेताओं के नाम मंत्री पद के दावेदारों में हैं। इनमें से किसी एक को ही मंत्री पद मिलने की संभावना है।