मौसम के बदलते मिजाज के बीच मैदानी इलाकों में कड़ाके की ठंड के साथ कोहरा भी कहर बरपाने लगा है। तापमान करीब 4 डिग्री सेल्सियस तक गिरने से रोहतक, करनाल, हिसार समेत हरियाणा के कई शहरों की रात शिमला से भी ज्यादा सर्द रही। गुरुवार सुबह से छाए घने कोहरे के कारण भिवानी में दृश्यता महज 10 मीटर तो हिसार में 50 मीटर रही, जिसके कारण सड़कों पर वाहन रेंगते हुए नजर आए।
ट्रेनों की रफ्तार पर भी इसका असर पड़ा। मौसम विज्ञान केंद्र चंडीगढ़ ने 20 दिसंबर को भी शीतलहर चलने और कोल्ड डे का प्रकोप जारी रहने की चेतावनी जारी की है। साथ ही 23 दिसंबर तक सुबह के समय घना कोहरा छाने के आसार हैं। आसमान में छाए बादलों और धुंध के चलते दिनभर धरती पर सूर्य की तपिश पहुंच नहीं पाई। बीते छह दिनों से पड़ रही कड़ाके की सर्दी से लोगों के साथ-साथ पशु-पक्षी भी परेशान रहे।

सिरसा प्रदेश में सबसे ठंडा रहा। जहां गुरुवार को दिन का तापमान 12.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं नारनौल की रात सबसे ज्यादा ठिठुरी, वहां बुधवार की रात 3.5 डिग्री पारा रिकॉर्ड हुआ। हालांकि नारनौल में न्यूनतम तामपान में एक डिग्री इजाफा हुआ, वहां मंगलवार की रात 2.5 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया था।
हिसार में 2.2 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से ठंडी हवाएं चलीं। पहाड़ों पर बर्फबारी और ठंडी हवाओं के चलते प्रदेश के ज्यादातर जिलों में दिन और रात के तापमान में गिरावट दर्ज की गई। शिमला में न्यूनतम तापमान 6.5 डिग्री दर्ज हुआ। वहीं हिसार में 4.1, करनाल में 4.6 और रोहतक में 5.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।

यही हाल हरियाणा के अन्य शहरों का भी रहा। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक आगामी चार दिनों में सुबह के समय घने कोहरे की वजह से दृश्यता 50 मीटर से भी कम हो सकती है। 21 दिसंबर को पश्चिमी विक्षोभ के असर से आंशिक बूंदाबांदी की संभावना है।

कोल्ड डे का कहर जारी
हिसार, रोहतक, अंबाला समेत प्रदेश के कई जिले भीषण कोल्ड डे की चपेट में रहे। हिसार में दिन का तापमान सामान्य से 10 तो रोहतक में 9 और अंबाला में 7 डिग्री सेल्सियस कम रिकॉर्ड किया गया।

कोहरे के कारण नहीं दिखा खराब ट्रक, कैंटर भिड़ा, पांच घायल
नरवाना में कोहरे के चलते सुबह हिसार-चंडीगढ़ राष्ट्रीय मार्ग पर बिधराना गांव के पास रोड पर खड़े खराब ट्रक में पीछे से कैंटर की टक्कर हो गई। इसके अलावा एक अन्य वाहन चालक इन वाहनों से खुद के वाहन को बचाना चाहा तो वह डिवाइडर पर चढ़ गया। वाहनों की टक्कर से हाईवे जाम हो गया। इस दुर्घटना में पांच लोगों को मामूली चोटें आई हैं।

धुंध व गिरते तापमान से गेहूं को फायदा, सब्जियों में नुकसान
उप कृषि निदेशक डॉ. प्रताप सिंह सभ्रवाल के अनुसार धुंध व तापमान जमाव बिंदु की ओर जाने से जहां गेहूं, चना व जौ की फसल को फायदा पहुंचेगा, जबकि सरसों, बरसीम, आलू, मटर व टमाटर की फसलों को नुकसान की आशंका है।
 
भिवानी में सर्दी ने तोड़ा आठ साल का रिकॉर्ड टूटा
भिवानी में सर्दी ने आठ साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। वहां न्यूनतम तापमान 6.2 डिग्री सेल्सियस रहा। इससे पहले 2011 में 19 दिसंबर को न्यूनतम तापमान 6.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था।

कोहरे के कारण केजीपी-केएमपी पर कम हुई रफ्तार
सोनीपत जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में सुबह दृश्यता महज 30 मीटर तक रही। कोहर के चलते हाईवे,  केएमपी और केजीपी एक्सप्रेस-वे पर भी रफ्तार धीमी हो गई। आम दिनों में केएमपी-केजीपी एक्सप्रेस-वे पर वाहनों की रफ्तार 120 किलोमीटर प्रति घंटे के आसपास रहती है लेकिन कोहरे के चलते एक्सप्रेस-वे पर वाहन 70 से 90 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से ही चल रहे थे।

ऐसे बनता है धुंध/कोहरा
एचएयू के कृषि मौसम विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. मदन खीचड़ ने बताया कि सर्द ऋतु में पृथ्वी की ऊपरी सतह का तापमान कम होने पर हवा में उपस्थित जलवाष्प संतृप्त होने पर संघनित होकर जल की सूक्ष्म बूंदों में परिवर्तित हो जाते हैं।

ये सूक्ष्म बूंदे वायुमंडल में उपस्थित धूल मिट्टी व प्रदूषक तत्व जो न्यूक्लिआई के रूप में संघनन करने में सहायक होते हैं, उनसे मिलकर दृश्यता को कम कर देते हैं और आसपास की ठंडी हवा के संपर्क में आने पर इनका स्वरूप धुएं के बादल जैसा बन जाता है। वायुमंडल में अधिक नमी होने पर यह घने कोहरे का रूप ले लेता है और इस स्थिति में दृश्यता काफी कम हो जाती है। जब कोहरे के साथ धुएं का मिश्रण होता है तो उसे स्मॉग कहा जाता है।
प्रमुख शहरों का तापमान (डिग्री सेल्सियस)
            शहर         अधिकतम     न्यूनतम

    नारनौल           19.2          3.5
    अंबाला             14.3         7.4
    भिवानी             16.4        6.2
    चंडीगढ़              13.1       9.4
    फरीदाबाद          15.3       5.3
    गुरुग्राम            14.9       5.3
    हिसार               12.5      4.1
    करनाल            13.6      4.6
    कुरुक्षेत्र             13.6     6.0
    रोहतक            13.8      5.6
    सिरसा            12.2      6.4