कोलकाता। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव का बिगुल बज चुका है। आठ चरणों में चुनाव संपन्न होंगे और दो मई को नतीजे आएंगे। इस बीच बंगाल में गठबंधन की अटकलों के बीच राष्ट्रीय जनता दल (राजद) नेता तेजस्वी यादव ने सोमवार को तृणमूल कांग्रेस सुप्रीमो और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से कोलकाता में मुलाकात की। इसके बाद उन्होंने कहा कि बंगाल में ममता बनर्जी को पूर्ण समर्थन देने का निर्णय आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव का है। उन्होंने कहा कि हमारी पहली प्राथमिकता भाजपा को बंगाल की सत्ता में आने से रोकना है।

राज्य सचिवालय नबन्ना में ममता बनर्जी से मिलने के तुरंत बाद तेजस्वी यादव ने कहा, “बिहार और अन्य राज्यों के कई लोग बंगाल में रहते हैं। मैं बिहार के सभी लोगों से एकजुट होकर ममता बनर्जी का समर्थन करने की अपील करता हूं। मैं उनके समर्थन के लिए अपनी पूरी ताकत का इस्तेमाल करूंगा। यह चुनाव बंगाल और उसकी संस्कृति की रक्षा करने वाला है, जो अद्वितीय है। यह बंगाल के मूल्यों को बचाने की लड़ाई है। हमारे नेता लालू प्रसाद ऐसा चाहते हैं।''

आपको बता दें कि बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव अभी चारा घोटाला मामले में जेल की सजा काट रहे हैं। आरजेडी बंगाल में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की सहयोगी के रूप में कुछ सीटों पर चुनाव लड़ेगी। तेजस्वी यादव ने अपने बंगाल दौरे के दौरान आरजेडी कार्यकर्ताओं के साथ भी बैठक की।

तेजस्वी यादव ने बीजेपी पर हमलावर रुख अपनाते हुए कहा, “ऐसे समय में जब देश के मंत्रियों को देश को बचाने के लिए कड़ी मेहनत करनी चाहिए जो वे सभी बंगाल में डेरा डाले हुए हैं। भाजपा झूठ फैला रही है। यह देश की संपत्ति को बेच रहा है, जैसे रेलवे और भारतीय इस्पात प्राधिकरण के साथ किया जा रहा है।”
इसके बाद ममता बनर्जी ने कहा, “मैं तेजस्वी को बधाई देती हूं। वह एक युवा नेता हैं। बिहार चुनाव जीतने से रोकने के लिए भाजपा ने हर तरह के हथकंडे अपनाए। लेकिन मुझे पता है कि वह बहुत जल्द बिहार का नेतृत्व करेंगे। जेल में लालू प्रसाद की पीड़ा अनुचित है। भाजपा को संदेश मिलना चाहिए। तेजस्वी जहां भी लड़ रहे हैं, मैं लड़ रही हूं। और जहां मैं लड़ रही हूं, वहां तेजस्वी लड़ रहे हैं।''

तेजस्वी यादव ने भाजपा पर बिहार के विकास के लिए कुछ नहीं करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, “भाजपा ने पटना विश्वविद्यालय को केंद्रीय विश्वविद्यालय भी नहीं बनाया। उन्होंने 20,00,000 नौकरियां पैदा करने का वादा किया था लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ। लॉकडाउन के दौरान बिहार के मजदूरों के साथ बुरा बर्ताव किया गया। उन्हें दूसरे राज्यों से घर भेजने के लिए कुछ नहीं किया गया। राजमार्गों पर चलते समय लोगों की मौत हो गई।”

बिहार विधानसभा चुनाव में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) से मुकाबले के दौरान यादव ने राजद का नेतृत्व किया था। तेजस्वी यादव तृणमूल कांग्रेस प्रमुख और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से मिलने कोलकाता स्थित राज्य सचिवालय नबन्ना पहुंचे। बैठक के दौरान तृणमूल के वरिष्ठ नेता और शहरी विकास मंत्री फिरहद हकीम भी मौजूद रहे।
वहीं, बिहार में आरजेडी के साथ गठबंधन में चुनाव लड़ने वाली कांग्रेस पार्टी की तरफ से भी तेजस्वी यादव और ममता बनर्जी की मुलाकात पर प्रतिक्रिया आना लजमी था। कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने कहा कि गठबंधन और सीट बंटवारे को लेकर वाम दलों से बात चल रही है। जहां तक आरजेडी और तेजस्वी यादव का सवाल है, अगर वह किसी अन्य पार्टी (टीएमसी) के साथ सीटों पर चर्चा करते हैं, तो मुझे इससे कोई लेना-देना नहीं है। सीट-बंटवारे को लेकर आरजेडी के किसी नेता के साथ मेरी कोई बात नहीं हुई है।