रुद्राक्ष पहनने से व्यक्ति को कई तरह के लाभ मिलते हैं। रुद्राक्ष धारण करना आध्यात्मिक और स्वास्थ्य की दृष्टि से अत्यंत लाभकारी माना गया है। माना जाता है कि रुद्राक्ष को पूरी श्रद्धा और नियमों के साथ धारण करने से सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। रुद्राक्ष कई तरह के होते हैं, इसलिए व्यक्ति को अपनी राशिनुसार या मनोकामना के मुताबिक रुद्राक्ष का चुनाव करना चाहिए। इन सब चीजों का ध्यान रखते हुए अगर आप रुद्राक्ष चुनते हैं तो इसका लाभ शीघ्र मिलने लगता है तो आइए आज हम जानेंगे कि महिलाओं को कौनसा रुद्राक्ष पहनना चाहिए।
हमने अक्सर ज्यादातर पुरुषों को ही रुद्राक्ष पहने हुए देखा है। दरअसल, महिलाएं रुद्राक्ष को लेकर असमंजस की स्थिति में रहती हैं कि उन्हें रुद्राक्ष पहनना चाहिए या नहीं। लेकिन ज्योतिषों की माने तो रुद्राक्ष का लाभ पुरुषों के साथ ही महिलाओं के लिए भी है। अगर महिलाएं रुद्राक्ष पहनती हैं तो उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव देखने को मिलता है। इतना ही नहीं उनके आत्मविश्वास में भी वृद्धि नजर आता है। रुद्राक्ष पहनना अत्यंत ही लाभकारी माना गया है।
महिलाओं के लिए एक मुखी, पांच मुखी, छह मुखी और नौ मुखी रुद्राक्ष पहनना अति उत्तम रहेगा। सौभाग्य और स्वास्थ्य के लिए 5 मुखी रुद्राक्ष पहनना चाहिए। धन और सफलता के लिए 9 मुखी रुद्राक्ष, जीवन में संतुलन के लिए 6 मुखी रुद्राक्ष और मानसिक शांति, एकाग्रता के लिए 1 मुखी रुद्राक्ष धारण करना लाभकारी रहेगा।
रुद्राक्ष पहनने का सही नियम
- रुद्राक्ष पहनने से पहले स्वच्छता का पूरा ध्यान रखें।
- रुद्राक्ष को सीधे बाजार से लाकर नहीं पहनना चाहिए।
- इसे पहनने से पहले गंगाजल या पंचामृत (दूध, दही, घी, शहद, शक्कर) से शुद्ध करें।
- रुद्राक्ष को हमेशा साफ और श्रद्धा के साथ पहनें।
- संभव हो तो रुद्राक्ष को किसी शुभ मुहूर्त (जैसे सोमवार या महाशिवरात्रि) पर इसे धारण करें।
- नहाने या अपवित्र कार्य के दौरान रुद्राक्ष उतार कर रख दें।
- महिलाओं को मासिक धर्म के दौरान रुद्राक्ष पहनने से बचना चाहिए।
- अपना पहना हुआ रुद्राक्ष कभी किसी और को न दें और न ही किसी दूसरे का पहना हुआ स्वयं पहनें।








