भोपाल: मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के कटारा हिल्स इलाके में रहने वाली नोएडा की 33 वर्षीय ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत का मामला लगातार उलझता जा रहा है। बीती 12 मई को अपने ससुराल में मृत पाई गई ट्विशा की मौत के बाद उसके पति और सास पर दहेज प्रताड़ना, मारपीट और हत्या जैसे संगीन आरोप लगे हैं। इस बीच, घटना वाले दिन से जुड़े दो नए सीसीटीवी फुटेज सामने आने के बाद मामले में नया मोड़ आ गया है। इस हाई-प्रोफाइल केस की गुत्थी सुलझाने के लिए भोपाल पुलिस की विशेष जांच टीम (SIT) हर पहलू को खंगाल रही है, जबकि मुख्य आरोपी पति अब भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है।
सीसीटीवी फुटेज में कैद हुईं घटना की कड़ियाँ
सामने आए नए सीसीटीवी वीडियो में घटना वाले दिन की कुछ महत्वपूर्ण तस्वीरें दिखाई दे रही हैं। पहले वीडियो में मृतका ट्विशा अपने ससुराल की सीढ़ियाँ चढ़कर ऊपर जाती हुई नजर आ रही है। वहीं, इसके बाद के दूसरे वीडियो में उसका पति उसे अचेत अवस्था में होश में लाने के लिए सीपीआर (CPR) देता हुआ दिखाई दे रहा है। वीडियो में वह दो बार उसे बचाने का प्रयास करता दिखता है, जिसके कुछ ही देर बाद एक अन्य महिला कमरे से बाहर आती है, जिसे मृतका की सास बताया जा रहा है। इसके बाद दो और लोग वहां पहुंचते हैं और बेहोश ट्विशा को नीचे लेकर जाते हैं।
पति की अग्रिम जमानत याचिका खारिज, घोषित हुआ इनाम
इस मामले में कानूनी कार्यवाही को लेकर भोपाल की स्थानीय अदालत ने आरोपी सास को तो अग्रिम जमानत दे दी है, लेकिन मुख्य आरोपी पति को अदालत से कोई राहत नहीं मिली है। कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए पति की अग्रिम जमानत याचिका को सिरे से खारिज कर दिया है। पुलिस प्रशासन के मुताबिक, आरोपी पति गिरफ्तारी से बचने के लिए फिलहाल फरार चल रहा है और उसकी सरगर्मी से तलाश की जा रही है, साथ ही उस पर 10 हजार रुपये का नकद इनाम भी घोषित किया गया है।
ससुरालियों के दावों और मायके पक्ष के आरोपों में टकराव
ट्विशा के मायके वालों का आरोप है कि विवाह के बाद से ही उसे लगातार मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा था। परिवार ने खुलासा किया कि ट्विशा ने अपनी मां के साथ हुई बातचीत (चैट) में लिखा था कि वह ससुराल में खुद को बेहद फंसा हुआ महसूस कर रही है, जहां उसे न तो रोने की आजादी है और न ही खुश रहने की कोई वजह मिल रही है। इसके विपरीत, आरोपी पक्ष का दावा है कि ट्विशा गंभीर मानसिक तनाव से गुजर रही थी और ड्रग्स की आदी थी, जिसके चलते नशा न मिलने पर उसके हाथ-पैर कांपने लगते थे। हालांकि, मायके पक्ष ने इन आरोपों को मनगढ़ंत बताते हुए सच छुपाने की साजिश करार दिया है।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और जांच प्रक्रिया पर गंभीर सवाल
इस मामले में एम्स (AIIMS) भोपाल द्वारा जारी की गई पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में मौत का कारण फांसी लगाकर आत्महत्या करना बताया गया है। इस रिपोर्ट पर मृतका के परिजनों ने कड़ी आपत्ति जताई है; उनका कहना है कि ट्विशा के शरीर पर चोटों के कई निशान थे, जो सीधे तौर पर हत्या की ओर इशारा करते हैं। इसके अलावा, जांच प्रक्रिया में एक बड़ी लापरवाही भी सामने आई है कि वारदात में इस्तेमाल की गई संदिग्ध रस्सी को फॉरेंसिक या पोस्टमॉर्टम जांच के लिए भेजा ही नहीं गया था।
छह सदस्यीय एसआईटी (SIT) के हाथ में केस की कमान
बढ़ते विवाद और मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए भोपाल पुलिस ने एक छह सदस्यीय विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया है। पुलिस ने फरार पति और सास के खिलाफ दहेज मृत्यु की सुसंगत धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। एसआईटी की टीम अब सामने आए नए तकनीकी साक्ष्यों, सीसीटीवी फुटेज और चैट हिस्ट्री के आधार पर मामले की गहराई से तफ्तीश कर रही है ताकि मौत के असली कारणों का पर्दाफाश किया जा सके।









