महतारी वंदन योजना लाभार्थियों के लिए जरूरी खबर, ऐसे जांचें किस्त की जानकारी

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रायपुर: छत्तीसगढ़ की लाखों विवाहित महिलाओं को आर्थिक संबल देने वाली महत्वाकांक्षी 'महतारी वंदन योजना' को लेकर एक बेहद महत्वपूर्ण अपडेट सामने आया है। योजना का लाभ उठा रही लाभार्थी महिलाओं के मन में यह सवाल है कि जून महीने की 28वीं किस्त उनके खातों में कब तक ट्रांसफर की जाएगी और वे अपनी भुगतान की स्थिति (पेमेंट स्टेटस) को कैसे देख सकती हैं। आइए जानते हैं कि इस बार सरकार के क्या नए नियम हैं और पैसे ट्रांसफर होने पर आप उसे घर बैठे कैसे चेक कर सकते हैं।

ई-केवाईसी (E-KYC) न होने पर रुक जाएगी अगली किस्त

विभागीय अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार, जून की 28वीं किस्त जारी होने से पहले योजना के तहत रजिस्टर्ड सभी 68 लाख 48 हजार महिलाओं के लिए ई-केवाईसी (E-KYC) करवाना पूरी तरह अनिवार्य कर दिया गया है।

जरूरी निर्देश: यदि किसी लाभार्थी महिला ने अभी तक अपना बायोमेट्रिक विवरण या आवश्यक दस्तावेज अपडेट नहीं कराए हैं, तो उनके बैंक खाते में पैसे आने बंद हो सकते हैं। इसलिए समय रहते इस प्रक्रिया को पूरा करना बेहद जरूरी है।

खाते में पैसे आए या नहीं? ऐसे करें ऑनलाइन चेक

आमतौर पर जब भी राज्य सरकार द्वारा महतारी वंदन योजना की राशि जारी की जाती है, तो हितग्राहियों के पंजीकृत मोबाइल नंबर पर बैंक का मैसेज (SMS) पहुंच जाता है। यदि किसी कारणवश आपके पास मैसेज नहीं आया है, तो आप नीचे दिए गए आसान स्टेप्स के जरिए अपना स्टेटस देख सकते हैं:

  1. आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं: सबसे पहले योजना के ऑफिशियल वेब पोर्टल https://mahtarivandan.cgstate.gov.in/ को ओपन करें।

  2. स्टेटस टैब का चयन करें: होम पेज पर उपलब्ध ‘आवेदन एवं भुगतान स्थिति’ वाले विकल्प पर क्लिक करें।

  3. जानकारी दर्ज करें: अब खुले हुए नए पेज पर अपना महतारी वंदन योजना का लाभार्थी कोड, मोबाइल नंबर या अन्य मांगी गई जानकारी दर्ज करें।

  4. ऐप का भी कर सकते हैं इस्तेमाल: इसके अलावा, महिलाएं अपने स्मार्टफोन पर 'महतारी वंदन योजना मोबाइल ऐप' डाउनलोड करके भी अपनी राशि का पूरा विवरण देख सकती हैं।

अब तक मिल चुकी हैं 27 किस्तें

छत्तीसगढ़ सरकार अब तक इस कल्याणकारी योजना के माध्यम से महिलाओं के खातों में सफलतापूर्वक 27 किस्तें ट्रांसफर कर चुकी है। गौरतलब है कि पिछले महीने 7 मई को मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने अपने राजनांदगांव प्रवास के दौरान 'सुशासन तिहार' कार्यक्रम के मंच से 27वीं किस्त का डिजिटल बटन दबाया था। तब राज्य की 68 लाख 52 हजार से अधिक पात्र महिलाओं के बैंक खातों में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से 642 करोड़ रुपये से अधिक की राशि सीधे भेजी गई थी।

महिला बाल विकास विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों का मानना है कि इस योजना के जरिए बिलासपुर, दुर्ग, और बस्तर समेत पूरे छत्तीसगढ़ की ग्रामीण और शहरी महिलाएं न केवल अपने परिवारों को आर्थिक रूप से सशक्त बना रही हैं, बल्कि छोटे-मोटे स्वरोजगार अपनाकर आत्मनिर्भरता की ओर भी कदम बढ़ा रही हैं।