मौसम अपडेट: कब मिलेगी गर्मी से राहत? जानें अगले चार दिन का हाल

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जयपुर। मरुधरा में इन दिनों मौसम के दो अलग-अलग रूप देखने को मिल रहे हैं। जहां एक तरफ पश्चिमी राजस्थान भीषण गर्मी और लू की मार झेल रहा है, वहीं दूसरी ओर पूर्वी और उत्तर-पूर्वी हिस्सों में आंधी के साथ बारिश की गतिविधियां शुरू हो चुकी हैं। मौसम केंद्र ने बुधवार को राज्य के 6 जिलों में तीव्र लू (हीटवेव) और 4 जिलों में धूलभरी आंधी के साथ वर्षा का यलो अलर्ट जारी किया है। इससे पहले मंगलवार को श्रीगंगानगर लगातार दूसरे दिन देश का सर्वाधिक गर्म स्थान रहा, जहां पारा 46.4 डिग्री सेल्सियस तक जा पहुंचा। इसके अतिरिक्त चूरू, पिलानी, फलोदी, बीकानेर और जैसलमेर में भी तापमान 43.6 से 44.6 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया गया, जिससे लोग झुलसाने वाली गर्मी से परेशान रहे। दूसरी तरफ, दिल्ली-एनसीआर और हरियाणा सीमा से लगते अलवर, भरतपुर, झुंझुनूं और हनुमानगढ़ जिलों में शाम ढलते ही मौसम बदला और तेज हवाओं के साथ कहीं-कहीं हल्की बौछारें गिरीं।

राजधानी में उमस का सितम और अन्य शहरों का हाल

जयपुर में मंगलवार को अधिकतम तापमान 41.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। यहां दिनभर कड़क धूप छाए रहने और हवा में नमी बढ़ने के कारण लोग उमस भरी गर्मी से बेहाल दिखे। राज्य के अन्य प्रमुख शहरों की बात करें तो कोटा में पारा 42.1 डिग्री, अलवर में 42 डिग्री और सीकर में 41 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विज्ञानियों का अनुमान है कि आगामी दो दिनों के दौरान पश्चिमी राजस्थान के सीमावर्ती इलाकों में तापमान में और बढ़ोतरी होने से गर्मी के तेवर और तीखे हो सकते हैं।

नए पश्चिमी विक्षोभ से बदलेगा मौसम का मिजाज

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, 11 जून से उत्तर-पश्चिम भारत में एक नया पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टर्बेंस) सक्रिय होने जा रहा है। इस मौसमी सिस्टम के असर से राजस्थान के एक बड़े हिस्से में मौसम का रुख बदलेगा। 11 से 14 जून के दौरान जयपुर, अजमेर, भरतपुर और बीकानेर संभाग के कई जिलों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से अंधड़ चलने, बादलों की गर्जना होने और हल्की से मध्यम दर्जे की बारिश होने की प्रबल संभावना है।

कुछ इलाकों में ओलावृष्टि की आशंका, आमजन को सतर्क रहने की सलाह

इस आगामी मौसमी बदलाव के दौरान प्रदेश के कुछ स्थानों पर ओले गिरने की भी आशंका जताई गई है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि हालांकि यह विक्षोभ तपती गर्मी से बड़ी राहत लेकर आएगा, लेकिन तेज आंधी और ओलावृष्टि के कारण फसलों व संपत्ति को नुकसान पहुंच सकता है। इसे देखते हुए मौसम केंद्र ने किसानों और आम नागरिकों को एहतियात बरतने तथा खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी है।