लंदन। आधुनिक चिकित्सा विज्ञान और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) की मदद से डॉक्टरों ने एक बेहद जटिल और अनोखी सर्जरी (ऑपरेशन) को सफलतापूर्वक अंजाम दिया है। इस सफल ऑपरेशन के जरिए जन्म से सिर से जुड़ी दो सगी नाइजीरियाई बहनों, गुडनेस और मर्सी को एक नया जीवन मिला है। जून 2023 में जन्मीं ये दोनों बच्चियां 'क्रैनियोपैगस ट्विन्स' थीं, जिसका मतलब है कि उनके सिर और दिमाग की कुछ मुख्य खून की नसें आपस में जुड़ी हुई थीं। चिकित्सा जगत में ऐसे मामले बहुत ही दुर्लभ माने जाते हैं, जो लगभग 25 लाख बच्चों में से किसी एक में देखने को मिलते हैं।
चार महीनों में हुए चार बड़े ऑपरेशन
जब ये बच्चियां छह महीने की थीं, तब उनके माता-पिता को लंदन के प्रसिद्ध विशेषज्ञ डॉक्टर नूर उल ओवैस जिलानी के बारे में पता चला। उनकी संस्था 'जेमिनी अनट्वाइंड' ने इन बच्चियों के इलाज और ऑपरेशन का पूरा खर्च उठाने की जिम्मेदारी ली। साल 2025 में इस बेहद कठिन और लंबी चिकित्सा प्रक्रिया की शुरुआत हुई। डॉक्टरों की टीम ने चार महीनों के दौरान चार बड़े और जटिल ऑपरेशन किए। इन सभी ऑपरेशनों को मिलाकर डॉक्टरों ने लगभग 40 घंटे तक ऑपरेशन थिएटर में लगातार काम किया, जिसके बाद दोनों बच्चियों के सिर को सुरक्षित रूप से अलग करने में सफलता मिली।
एआई तकनीक ने दिखाई राह
इस बेहद मुश्किल ऑपरेशन को कामयाब बनाने में एआई (AI) तकनीक की बहुत बड़ी भूमिका रही। डॉक्टरों ने ऑपरेशन शुरू करने से पहले ही इस आधुनिक तकनीक की मदद से दोनों बच्चियों के सिर, नसों और दिमाग की बनावट का एक सटीक 3D (त्रि-आयामी) मॉडल तैयार कर लिया था। इस मॉडल की वजह से डॉक्टरों को ऑपरेशन की एक-एक बारीकी को पहले से समझने और उसकी सटीक योजना बनाने में बहुत मदद मिली। इस सफल सर्जरी के बाद दोनों बच्चियां अब पूरी तरह से ठीक हैं और सामान्य जिंदगी जी रही हैं। हाल ही में उन्होंने अपने परिवार के साथ अपना तीसरा जन्मदिन भी मनाया है, जिसे चिकित्सा विज्ञान के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक कामयाबी माना जा रहा है।








