दमदार अभिनय और बेजोड़ संजीदगी के दम पर आज मनोज बाजपेयी को बॉलीवुड के सबसे बेहतरीन और दिग्गज अदाकारों में गिना जाता है। पर्दे पर उनकी एक्टिंग देखकर कई बार ऐसा लगता है कि मानो वह फिल्म सिर्फ और सिर्फ उन्हीं को ध्यान में रखकर लिखी गई थी। इसका सबसे ताजा और बेहतरीन उदाहरण उनकी हालिया रिलीज फिल्म 'गवर्नर' है। हालांकि, मनोज बाजपेयी का यह फिल्मी सफर हमेशा से इतना सुनहरा नहीं था। इस मुकाम तक पहुंचने के लिए उन्होंने संघर्षों की एक लंबी और कटीली राह पार की है। हाल ही में दिग्गज अभिनेता ने अपने करियर के उस सबसे मुश्किल और अंधियारे दौर को याद करते हुए एक बेहद भावुक कर देने वाला किस्सा साझा किया है।
जब एक ही दिन में किस्मत ने पलटी बाजी; हाथ से छूटे तीन बड़े काम
मशहूर एंकर और अभिनेता शेखर सुमन के साथ एक विशेष बातचीत के दौरान मनोज बाजपेयी ने अपने पुराने दिनों का दर्द बयां किया। उन्होंने कहा:
"जब इंसान का वक्त खराब होता है, तो वह दिन या वह महीना ऐसा लगता है जैसे कभी खत्म ही नहीं होगा। मेरे करियर की शुरुआत में एक ऐसा वक्त आया था जब मेरे पास एक साथ तीन बड़े प्रोजेक्ट्स थे। एक टीवी शो में मैं मुख्य भूमिका (लीड रोल) निभा रहा था, एक बड़ी कॉरपोरेट फिल्म में भी मेरा लीड रोल तय था और एक आने वाले बड़े शो में मेरा सेकंड लीड किरदार फाइनल हो चुका था। लेकिन किस्मत का क्रूर मजाक देखिए कि मुझे उन तीनों ही प्रोजेक्ट्स से एक ही दिन के भीतर बाहर का रास्ता दिखा दिया गया।"
शूटिंग सेट से कॉस्ट्यूम उतरवाकर कहा— 'कपड़े बदलो और घर जाओ'
अभिनेता ने उस अपमानजनक वाकये को याद करते हुए बताया कि वे तय समय पर अपने पहले शो की शूटिंग के लिए सेट पर पहुंचे थे। उन्होंने बताया, "मैं बकायदा तैयार हुआ और मेरा पहला टेक (शॉट) लिया गया। पहला शॉट पूरा होते ही अचानक डायरेक्टर और असिस्टेंट डायरेक्टर गंभीर चेहरा बनाकर एक कमरे के भीतर चले गए। कुछ देर बाद डायरेक्टर बाहर आया और मुझे वापस कॉस्ट्यूम रूम में ले गया। उसने बेहद रूखे लहजे में मुझसे कहा कि आप अपने खुद के कपड़े पहन लीजिए और यहां से चले जाइए। अभी आपके साथ कुछ सही नहीं लग रहा है। भविष्य में अगर आपके लायक कोई दूसरा छोटा-मोटा रोल होगा, तो हम आपको जरूर बताएंगे।"
जब दोस्त को सताने लगा मनोज के सुसाइड का डर
पहले शो से निकाले जाने के बाद मनोज बाजपेयी बेहद मायूस होकर वापस लौट रहे थे। तभी उनके दिमाग में आया कि उनकी जो कॉरपोरेट फिल्म थी, उसकी शूटिंग भी शुरू हो चुकी है। वे यह देखने के लिए उस सेट पर पहुंच गए कि वहां क्या चल रहा है।
मनोज बाजपेयी ने आगे बताया, "जब मैं कॉरपोरेट फिल्म के सेट पर पहुंचा, तो वहां मौजूद मेरे दोस्त विक्टर ने मुझे देखकर हैरानी से पूछा कि तुम यहां कैसे? मैंने कहा कि बस ऐसे ही घूमने चला आया। विक्टर ने जब मुझसे मेरे पहले शो के बारे में पूछा तो मैंने उदास होकर कहा कि मुझे वहां से निकाल दिया गया है। फिर मैंने उम्मीद से पूछा कि अपनी इस फिल्म में मेरा काम दो-तीन दिन बाद शुरू होना है ना? इस पर विक्टर ने झिझकते हुए कहा कि मुझे तुम्हें यह बात इस तरह नहीं बोलनी चाहिए, लेकिन यहां प्रबंधन ने तुम्हारी जगह किसी दूसरे एक्टर को साइन कर लिया है। मेरा चेहरा देखकर विक्टर इतना डर गया कि उसने तुरंत मेरा हाथ पकड़ा और कहा— यार, तुम यहां से सीधे अपने कमरे पर ही जाओगे ना? प्लीज, वहां जाकर कोई गलत कदम या आत्महत्या (सुसाइड) मत कर लेना।"
असिस्टेंट डायरेक्टर ने फोन पर दिया तीसरा झटका
दो बड़े झटके एक साथ लगने के बाद मनोज बाजपेयी पूरी तरह टूट चुके थे। उन्होंने सोचा कि क्यों न उस तीसरे सीरियल के बारे में पता किया जाए, जिसकी शूटिंग जल्द ही शुरू होने वाली थी। उन्होंने भारी मन से उस शो के असिस्टेंट डायरेक्टर को फोन लगाया और पूछा कि शूटिंग का क्या प्लान है?
इस पर सामने से असिस्टेंट डायरेक्टर ने बेहद लापरवाही से जवाब दिया, "अरे! क्या आपको किसी ने बताया नहीं? हमने उस रोल के लिए फलां एक्टर को फाइनल कर लिया है और उसकी शूटिंग शुरू होने वाली है। हम आपके लिए किसी दूसरे रोल की तलाश कर रहे हैं।" इस तरह मनोज बाजपेयी को महज कुछ घंटों के भीतर अपने तीनों काम गंवाने पड़े थे।
बॉक्स ऑफिस पर 'गवर्नर' ने जीता आलोचकों का दिल
संघर्ष के उसी तपे-तपाए दौर का नतीजा है कि आज मनोज बाजपेयी की फिल्मों का फैंस को बेसब्री से इंतजार रहता है। उनकी मुख्य भूमिका वाली फिल्म 'गवर्नर' इसी महीने 12 जून को देश भर के सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी। इस फिल्म को सिनेमा समीक्षकों और दर्शकों की तरफ से बेहद शानदार समीक्षाएं मिली हैं। फिल्म में मनोज बाजपेयी के अभिनय को एक बार फिर से मास्टरक्लास बताया गया है। सीमित स्क्रीन्स और गंभीर विषय होने के बावजूद इस फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर अपनी पकड़ बनाए रखते हुए कुल 5.63 करोड़ रुपये का शानदार कलेक्शन दर्ज किया है।









