पुणे: महाराष्ट्र के पुणे में रहने वाले कारोबारी केतन अग्रवाल की हत्या के मामले में पुलिस की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। पुलिस जांच में सामने आया है कि केतन की मंगेतर सिया गोयल और उसके प्रेमी चेतन चौधरी ने इस हत्या को अंजाम देने से पहले तीन बार कोशिश की थी। दोनों ने हत्या के लिए पुणे में अपने घर के पास एक सुनसान जगह पर केतन को खाई में धक्का देने की बकायदा रिहर्सल (अभ्यास) भी की थी। फिलहाल दोनों आरोपी वडगांव मावल पुलिस की हिरासत में हैं, जहां पूछताछ के दौरान प्रेमी चेतन कई बार रो पड़ा, जबकि मुख्य आरोपी सिया बेहद शांत है और जांच में सहयोग नहीं कर रही है।
शादी की शॉपिंग के नाम पर लिए 1 करोड़ रुपये प्रेमी को दिए
पुलिस के मुताबिक, 11 फरवरी को केतन और सिया की सगाई हुई थी। ज्योतिषियों ने 36 में से 27 गुण मिलने और बेहतर तालमेल का दावा किया था, लेकिन सिया के मन में कुछ और ही चल रहा था। सिया ने केतन से शादी की खरीदारी के बहाने 1 करोड़ रुपये लिए थे, लेकिन उन पैसों से शॉपिंग करने के बजाय पूरी रकम अपने प्रेमी चेतन चौधरी को दे दी। इस बीच मर्डर केस के बाद घटनास्थल यानी लोहगढ़ किले पर आने वाले पर्यटकों की संख्या 50% तक बढ़ गई है। लोग उस खाई को देखने पहुंच रहे हैं, जिसे स्थानीय स्तर पर 'सिया पॉइंट' कहा जाने लगा है। हालांकि, इतिहासकारों और स्थानीय लोगों ने इस नाम पर कड़ी आपत्ति जताई है, जिसके बाद सुरक्षा के लिहाज से लोनावला ग्रामीण पुलिस ने अगले आदेश तक लोहगढ़ किले को पर्यटकों के लिए पूरी तरह बंद कर दिया है।
तीन कोशिशों के बाद तीसरी बार में दी दर्दनाक मौत
पुलिस ने मामले की कड़ियों को जोड़ते हुए बताया कि आरोपियों ने केतन को मारने के लिए तीन बार जाल बिछाया था:
पहली कोशिश (5 जून): केतन को ट्रैकिंग का शौक था, जिसका फायदा उठाकर सिया ने उसे लोहगढ़ किला चलने को कहा। जब केतन नहीं माना, तो उसने केतन का पासपोर्ट छिपा दिया ताकि 6 जून को होने वाली उनकी इंडोनेशिया (बाली) की यात्रा रद्द हो जाए।
दूसरी कोशिश (14 जून): सिया केतन को लेकर लोहगढ़ किले पहुंची और उसे खाई में धक्का दे दिया, लेकिन एक पेड़ का सहारा मिलने से केतन बच गया। पूछने पर सिया ने झूठ बोल दिया कि वहां सांप था और वह उसे बचा रही थी।
तीसरी कोशिश (18 जून – मर्डर का दिन): केतन ने 19 जून को सिया का जन्मदिन मनाने के लिए महाबलेश्वर में एक लग्जरी रिजॉर्ट बुक किया था। लेकिन उससे पहले ही सिया ने प्री-वेडिंग फोटोशूट के बहाने केतन को फिर लोहगढ़ किले बुलाया। इस बार उसका प्रेमी चेतन भी हुडी पहनकर पीछे-पीछे आ गया।
कैफे में बनाई योजना और इशारे पर दिया धक्का
हत्या से एक दिन पहले 17 जून को सिया और चेतन ने पुणे के लुल्लानगर के एक कैफे में बैठकर मर्डर का पूरा प्लान तैयार किया था। 18 जून को चेतन अपनी कार के बजाय स्कूटर से 90 किलोमीटर दूर लोहगढ़ किला पहुंचा, ताकि टोल प्लाजा पर कोई रिकॉर्ड दर्ज न हो। किले पर पहुंचने के बाद जब केतन पहाड़ियों की तरफ देख रहा था, तभी सिया ने पानी पीने या जूते का फीता बांधने के बहाने नीचे बैठने का नाटक किया, जो चेतन के लिए एक तय इशारा था। इशारा मिलते ही पीछे खड़े चेतन ने केतन को गहरी खाई में धक्का दे दिया। सिया इसलिए नीचे बैठी थी ताकि गिरते समय केतन उसे पकड़ न सके।
कोर्ट में वकील को लेकर विवाद और 10 करोड़ का नोटिस
केतन की हत्या के महज छह दिन के भीतर पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था, जहां वे एक-दूसरे को मुख्य साजिशकर्ता बता रहे हैं। पुलिस अब सीसीटीवी फुटेज से मिलान करने के लिए चेतन का 'गेट एनालिसिस' (चाल और शारीरिक हाव-भाव की जांच) कराएगी। इस बीच, कोर्ट में सिया की पैरवी को लेकर दो वकीलों—आशुतोष श्रीवास्तव और विपुल दुशिंग के बीच विवाद खड़ा हो गया है। सुनवाई के दौरान जब सिया ने कोर्ट में कहा कि आशुतोष श्रीवास्तव उसके वकील नहीं हैं बल्कि विपुल दुशिंग हैं, तो वकील आशुतोष ने सिया के भाई साहिल गोयल को एक कानूनी नोटिस भेजा है। इस नोटिस में उन्होंने उनके खिलाफ दिए गए बयानों को वापस लेने, सार्वजनिक रूप से माफी मांगने और 10 करोड़ रुपये के हर्जाने की मांग की है।









