समस्तीपुर। दिल्ली पुलिस को जमीन फर्जीवाड़े के एक बड़े मामले में बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने समस्तीपुर भाजपा अनुसूचित जाति-जनजाति (एससी-एसटी) मोर्चा के जिलाध्यक्ष हीरा पासवान को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी दिल्ली में दर्ज फर्जीवाड़े के मामले में पिछले एक साल से फरार चल रहा था और ओडिशा के कटक में अपनी असली पहचान छिपाकर रह रहा था। दिल्ली पुलिस ने तकनीकी सर्विलांस के जरिए उसकी सटीक लोकेशन ट्रैक की और वहां छापेमारी कर उसे दबोच लिया, जिसके बाद अदालत में पेशी के अंत में उसे तिहाड़ जेल भेज दिया गया।
285 गज जमीन के फर्जी दस्तावेज बनाकर की दो करोड़ की धोखाधड़ी
यह पूरा मामला पश्चिमी दिल्ली के जय विहार (बापरोला) इलाके में स्थित 285 गज जमीन के कथित फर्जी सौदे से जुड़ा हुआ है। आरोपी हीरा पासवान और उसके बेटे राजा पासवान पर आरोप है कि उन्होंने जमीन के वास्तविक मालिक के फर्जी हस्ताक्षर कर जनरल पावर ऑफ अटॉर्नी (GPA) तैयार करवाई। इसी फर्जी GPA का इस्तेमाल कर पिंकी देवी, पंकज कुमार और सीमा देवी जैसे कई लोगों के साथ जमीन की खरीद-बिक्री का खेल रचा गया और कुल मिलाकर करीब दो करोड़ रुपये की बड़ी धोखाधड़ी को अंजाम दिया गया।
कटक में लेबर कॉन्ट्रैक्टर बनकर छिपा था आरोपी और तिहाड़ भेजा गया
मामला दर्ज होने की भनक लगते ही आरोपी हीरा पासवान दिल्ली छोड़कर ओडिशा के कटक भाग गया था। वहां उसने अपनी पहचान छुपाकर लेबर कॉन्ट्रैक्टर के रूप में काम करना शुरू कर दिया था ताकि पुलिस की नजरों से बचा रह सके। हालांकि दिल्ली पुलिस की विशेष टीम ने तकनीकी इनपुट और गुप्त सूचनाओं के आधार पर उसे धर दबोचा। दिल्ली लाकर अदालत में पेश किए जाने के बाद कोर्ट के आदेश पर उसे न्यायिक हिरासत में तिहाड़ जेल भेज दिया गया है।
बेटे समेत पूरे नेटवर्क और नौकरी के नाम पर ठगी की जांच शुरू
पुलिस जांच में आरोपी के बेटे राजा पासवान की भूमिका भी प्रमुखता से सामने आई है। पुलिस अब फर्जीवाड़े में इस्तेमाल किए गए दस्तावेजों, बैंक लेन-देन और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य संभावित आरोपियों का पता लगाने में जुटी हुई है। इसके अलावा पुलिस सूत्रों का यह भी कहना है कि बाप-बेटे की इस जोड़ी पर नौकरी दिलाने का झांसा देकर दर्जनों लोगों से लाखों रुपये ठगने के गंभीर आरोप भी लगे हैं, जिनकी अलग से जांच की जा रही है।
राजनीतिक गलियारों में मचा हड़कंप और भाजपा की प्रतिक्रिया का इंतजार
भाजपा एससी-एसटी मोर्चा के जिलाध्यक्ष की इस तरह गिरफ्तारी होने के बाद बिहार के समस्तीपुर समेत राजधानी के राजनीतिक हलकों में खलबली मच गई है। हालांकि घटनाक्रम को लेकर अभी तक भारतीय जनता पार्टी की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। दिल्ली पुलिस का कहना है कि पूरे मामले में जांच का दायरा बढ़ाया जा रहा है और साक्ष्यों के आधार पर सभी दोषियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।









