मध्यप्रदेश में बारिश का जोर, 28 जिलों में तेज बारिश का अलर्ट; 9 जिले ऑरेंज जोन में

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भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून की सक्रियता बढ़ने से प्रदेशभर में मूसलाधार बारिश का नया दौर शुरू हो गया है। बुधवार और गुरुवार को हुई अनवरत वर्षा के चलते सतना, पन्ना और छतरपुर समेत कई जिलों में बाढ़ जैसी स्थिति निर्मित हो गई है, जिससे अनेक ग्रामीण क्षेत्रों का संपर्क कट गया है। नर्मदा और मंदाकिनी नदियां उफान पर हैं, जिसके चलते बरगी और कुटनी बांधों के गेट खोलकर पानी की निकासी की जा रही है।

मौसम विज्ञान केंद्र भोपाल के अनुसार, उत्तरी मध्य प्रदेश और उससे सटे दक्षिण उत्तर प्रदेश के ऊपर एक सुस्पष्ट निम्न दबाव क्षेत्र (वेल-मार्क्ड लो प्रेशर एरिया) सक्रिय है। यह मौसमी तंत्र अगले दो दिनों तक लगभग स्थिर रहने की संभावना है, जिससे 7-8 सितंबर तक प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में गरज-चमक और 30 से 40 किमी/घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाओं के साथ भारी से अति भारी बारिश का सिलसिला जारी रहेगा।

शुक्रवार (4 सितंबर) को 28 जिलों में चेतावनी

  • अति भारी बारिश (ऑरेंज अलर्ट – 9 जिले): राजगढ़, नर्मदापुरम, गुना, शिवपुरी, दमोह, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी। इन जिलों में 24 घंटे के भीतर 4 इंच से अधिक वर्षा होने की संभावना है।

  • भारी बारिश (येलो अलर्ट – 19 जिले): भोपाल, विदिशा, रायसेन, सीहोर, बैतूल, उज्जैन, देवास, शाजापुर, आगर, मंदसौर, अशोकनगर, ग्वालियर, दतिया, भिंड, श्योपुरकलां, रीवा, सतना, छिंदवाड़ा और पन्ना।

  • हल्की से मध्यम बारिश व वज्रपात: इंदौर, जबलपुर, धार, रतलाम, खंडवा, खरगोन सहित शेष 27 जिलों में हल्की से मध्यम वर्षा के साथ आंधी और बिजली गिरने का पूर्वानुमान है।

आगामी दिनों का पूर्वानुमान (5 से 7 सितंबर)

  • 5 सितंबर (शनिवार): विदिशा, गुना, शिवपुरी, अशोकनगर, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी में अति भारी बारिश का 'ऑरेंज अलर्ट' रहेगा। वहीं रायसेन, सीहोर, ग्वालियर, दतिया, रीवा, सतना और पन्ना समेत 15 जिलों में भारी बारिश का 'येलो अलर्ट' जारी किया गया है।

  • 6 सितंबर (रविवार): ग्वालियर-चंबल, सागर और रीवा संभाग के 17 जिलों (गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, ग्वालियर, दतिया, भिंड, रीवा, सतना, छिंदवाड़ा, बालाघाट आदि) में भारी वर्षा की संभावना जताई गई है।

  • 7 सितंबर (सोमवार): रीवा, सतना, कटनी, बालाघाट, पन्ना, छतरपुर, टीकमगढ़ और मैहर जिलों में भारी वर्षा का दौर बना रहेगा, जबकि शेष जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बौछारें पड़ेंगी।

मौजूदा मानसूनी स्थिति: सामान्य से 8% कम बारिश

राज्य में 1 जून से 3 सितंबर तक कुल 29.2 इंच (741.2 मिमी) वर्षा दर्ज की गई है, जो इस अवधि के सामान्य औसत 31.8 इंच की तुलना में 8% (2.6 इंच) कम है:

  • संभागीय स्थिति: पूर्वी मध्य प्रदेश में वर्षा सामान्य औसत से 1% कम रही है, जबकि पश्चिमी मध्य प्रदेश में 17% की कमी दर्ज की गई है।

  • जिलों की स्थिति: प्रदेश के 34 जिलों में अब तक सामान्य से कम वर्षा हुई है, विशेषकर जबलपुर, रीवा, सागर और शहडोल संभाग के कई जिले अभी भी बारिश के घाटे से जूझ रहे हैं।

  • संतोषजनक वर्षा वाले जिले: भोपाल, ग्वालियर, गुना, दतिया, भिंड, खरगोन, राजगढ़, शिवपुरी, सतना, पन्ना, छतरपुर और शहडोल सहित 21 जिलों में अब तक औसत से अधिक पानी बरसा है।