नई दिल्ली। पूर्व भारतीय ऑलराउंडर इरफान पठान ने युवा बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल का पुरजोर समर्थन करते हुए उन्हें वेस्टइंडीज के विरुद्ध आगामी एकदिवसीय (ODI) श्रृंखला में अंतिम एकादश में निरंतर अवसर प्रदान करने की वकालत की है। भारत और वेस्टइंडीज के बीच तीन मैचों की एकदिवसीय सीरीज की शुरुआत 27 सितंबर से होने जा रही है। यशस्वी जायसवाल भारतीय टीम के बैकअप सलामी बल्लेबाज के रूप में जुड़े रहे हैं और उन्हें प्राप्त सीमित अवसरों में उन्होंने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। बाएं हाथ के इस होनहार बल्लेबाज ने अब तक खेले 6 एकदिवसीय मैचों में 2 शतक जड़कर कप्तान शुभमन गिल और अनुभवी रोहित शर्मा के साथ शीर्ष क्रम में स्वयं को एक विश्वसनीय विकल्प के रूप में स्थापित किया है।
भारत 27 सितंबर से अपनी घरेलू धरती पर वेस्टइंडीज के खिलाफ तीन मैचों की वनडे श्रृंखला खेलने जा रहा है। ऐसे में पूर्व क्रिकेटर पठान यह देखने के लिए विशेष उत्सुक हैं कि भारतीय टीम प्रबंधन बाएं हाथ के इस युवा बल्लेबाज का किस प्रकार उपयोग करता है, जिससे एकदिवसीय विश्व कप 2027 से पूर्व उनकी लय और आत्मविश्वास बना रहे।
विश्व कप से पूर्व पर्याप्त अवसर देने पर दिया जोर
इरफान पठान ने कहा, "इस श्रृंखला में मेरी दृष्टि विशेष रूप से यशस्वी जायसवाल पर टिकी रहेगी। मैं यह देखने के लिए उत्सुक हूं कि वेस्टइंडीज के खिलाफ वनडे सीरीज में उन्हें कितने मुकाबले खेलने का अवसर मिलता है। यह स्पष्ट है कि यशस्वी टीम के तीसरे प्रमुख सलामी बल्लेबाज हैं। विश्व कप के लिए दक्षिण अफ्रीका प्रस्थान करने से पूर्व ऐसी स्थिति निर्मित नहीं होनी चाहिए कि आपके बैकअप ओपनर के पास पर्याप्त अंतरराष्ट्रीय मैचों का अनुभव न हो। इसी कारणवश जब भी अवसर मिले, उनका मैदान पर खेलना अत्यंत आवश्यक है।"
नए खिलाड़ियों और बेंच स्ट्रेंथ के लिए बड़ा अवसर
एशियाई खेलों में अपने स्वर्ण पदक की रक्षा हेतु भारत द्वारा मजबूत टी20 टीम भेजे जाने के कारण वेस्टइंडीज के विरुद्ध एकदिवसीय श्रृंखला में कई नए चेहरों को टीम में स्थान मिला है। इनमें नमन धीर और आकिब नबी को प्रथम बार राष्ट्रीय टीम में बुलावा मिला है, जबकि नीतीश कुमार रेड्डी भी टीम का हिस्सा हैं। पठान इस श्रृंखला को युवा खिलाड़ियों के लिए खुद को सिद्ध करने के एक बेहतरीन अवसर के रूप में देख रहे हैं।
पठान ने उल्लेख किया, "श्रेयस अय्यर, अक्षर पटेल और वाशिंगटन सुंदर एशियाई खेलों में सहभागिता कर रहे हैं, जिसके कारण वे इस टीम में उपलब्ध नहीं हैं। अन्य खिलाड़ियों के लिए यह स्वयं को साबित करने का बहुत बड़ा अवसर है। एक प्रकार से यह भारत की द्वितीय स्तर की टीम है, जिसमें कई प्रतिभावान युवाओं को परखा जा रहा है। नीतीश कुमार रेड्डी, ध्रुव जुरेल, आकिब नबी और गुरनूर बरार जैसे खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाने का मंच प्राप्त होगा।"
विश्व कप की तैयारियों की दृष्टि से सही दिशा
पठान के अनुसार, भारतीय टीम प्रबंधन घरेलू मैदान पर आयोजित होने वाली इस श्रृंखला में अपनी बेंच स्ट्रेंथ को गहराई से आजमा सकता है। उन्होंने कहा, "वेस्टइंडीज के खिलाफ ऐसा प्रयोग करना पूरी तरह व्यावहारिक और सही दिशा में उठाया गया कदम है। इससे टीम संयोजन से जुड़ी कई महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त होंगी, क्योंकि आगामी विश्व कप से पूर्व भारत को केवल 11 एकदिवसीय मैच ही खेलने हैं।"
उन्होंने विशेष रूप से नमन धीर का उल्लेख करते हुए कहा, "मैं नमन धीर की खेल प्रतिभा की सराहना करता हूं। घरेलू क्रिकेट के प्रदर्शन के साथ-साथ उनके चयन में उनकी ऑफ-स्पिन गेंदबाजी क्षमता का भी बड़ा योगदान रहा है। वर्तमान में एशियाई खेलों के कारण वाशिंगटन सुंदर उपलब्ध नहीं हैं तथा रियान पराग चोटिल हैं, ऐसे में भारत को एक उपयोगी ऑफ-स्पिनर ऑलराउंडर की आवश्यकता थी, जिसे नमन पूरा कर सकते हैं।"









