अस्पताल में डॉक्टर की जगह गार्ड ने संभाली जिम्मेदारी, गर्भवती महिलाओं को लगाई ड्रिप

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रायपुर| छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर से स्वास्थ्य व्यवस्था की पोल खोलने वाला एक बेहद हैरान करने वाला मामला सामने आया है. शहर के प्रतिष्ठित कालीबाड़ी मातृ-शिशु अस्पताल में मरीजों की देखभाल में भारी लापरवाही बरती जा रही है, जहां एक सुरक्षा गार्ड गर्भवती महिलाओं को ड्रिप लगाते और उनका कैनुला निकालते हुए कैमरे में कैद हुआ है. इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसके बाद से आम जनता में भारी आक्रोश व्याप्त है और स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारियों में भी हड़कंप मच गया है.

गर्भवती महिलाओं का इलाज करता दिखा सुरक्षा गार्ड

सामने आए वायरल वीडियो में यह साफ तौर पर देखा जा सकता है कि अस्पताल के अंदर वार्ड में भर्ती गर्भवती महिलाओं को एक सुरक्षा गार्ड चिकित्सकीय प्रक्रिया के तहत ड्रिप लगा रहा है और सुई यानी कैनुला निकाल रहा है. इस तरह के संवेदनशील और गंभीर कार्य जो केवल प्रशिक्षित मेडिकल स्टाफ द्वारा किए जाने चाहिए, उन्हें एक सुरक्षाकर्मी द्वारा अंजाम दिया जाना अस्पताल की कार्यप्रणाली पर बड़ा सवालिया निशान खड़ा करता है.

मौजूद डॉक्टर और नर्सिंग स्टाफ की गंभीर लापरवाही

हैरानी की बात तो यह है कि जब यह सुरक्षा गार्ड मरीजों को ड्रिप लगा रहा था, उस दौरान अस्पताल परिसर में डॉक्टर और ट्रेंड नर्सिंग स्टाफ भी ड्यूटी पर मौजूद थे. इसके बावजूद इलाज और देखभाल का जिम्मा एक गैर-चिकित्सक यानी सुरक्षा गार्ड को सौंप दिया गया. जानकारों का कहना है कि जरा सी चूक या लापरवाही जच्चा और बच्चा दोनों की जान के लिए बड़ा खतरा बन सकती है, फिर भी जिम्मेदार चिकित्सा कर्मियों द्वारा इस तरह की अनदेखी की गई.

राजधानी के बड़े अस्पताल में सुरक्षा और व्यवस्थाओं पर सवाल

यह पूरा मामला चूंकि राज्य की राजधानी रायपुर के एक प्रमुख सरकारी मातृ-शिशु अस्पताल से जुड़ा है, इसलिए इसकी गंभीरता और भी अधिक बढ़ जाती है. इस अस्पताल में प्रतिदिन भारी संख्या में गर्भवती महिलाएं और मरीज इलाज के लिए पहुंचते हैं, जहां उनकी सुरक्षा और बेहतर स्वास्थ्य देखभाल सबसे बड़ी प्राथमिकता होनी चाहिए. लेकिन इस तरह की अमानक और गैर-जिम्मेदाराना हरकतों ने राजधानी की स्वास्थ्य सेवाओं की असलियत को बेनकाब कर दिया है.

वायरल वीडियो के बाद स्वास्थ्य विभाग में मचा हड़कंप

सोशल मीडिया पर वीडियो के वायरल होने और तूल पकड़ने के बाद अब स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी हरकत में आ गए हैं. वीडियो के आधार पर पूरे मामले की आंतरिक जांच शुरू कर दी गई है ताकि यह पता लगाया जा सके कि आखिर किसकी अनुमति या मिलीभगत से एक सुरक्षा गार्ड मरीजों के जीवन के साथ इस तरह का खिलवाड़ कर रहा था. इस घटना के बाद से दोषी कर्मियों पर कड़ी कार्रवाई किए जाने की मांग लगातार जोर पकड़ रही है.