राजस्थान में फिर सक्रिय होगा मौसम, 10 और 11 अक्टूबर को अलर्ट जारी

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जयपुर। राजस्थान के मौसम में एक बार फिर बदलाव होने जा रहा है, जिससे प्रदेशवासियों को गर्मी के तीखे तेवरों से कुछ राहत मिलने की उम्मीद है। मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर के पूर्वानुमान के अनुसार, उत्तर-पश्चिमी राजस्थान और उसके आसपास के क्षेत्रों में एक नया परिसंचरण तंत्र (साइक्लोनिक सर्कुलेशन) सक्रिय होने की प्रबल संभावना है। इसके प्रभाव से आने वाले दिनों में कई जिलों में झमाझम बारिश और तेज हवाओं का दौर देखने को मिल सकता है।

इन जिलों में बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट

मौसम विभाग के मुताबिक, आगामी 10 और 11 अक्टूबर को बीकानेर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, चूरू, सीकर, झुंझुनूं और उनके आसपास के इलाकों में मेघगर्जन के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। इस दौरान 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज झक्कड़ हवाएं भी चल सकती हैं। इसके बाद 13 और 14 अक्टूबर को भी उत्तर-पश्चिमी राजस्थान के कुछ चुनिंदा हिस्सों में हल्की बारिश होने के आसार हैं।

पश्चिमी और दक्षिणी हिस्सों में रहेगा शुष्क मौसम

एक तरफ जहां उत्तर-पश्चिमी जिलों में मौसम करवट लेगा, वहीं दूसरी ओर जोधपुर, उदयपुर, कोटा, अजमेर और भरतपुर संभाग के अधिकांश हिस्सों में मौसम मुख्य रूप से शुष्क बना रहेगा। हालांकि, इस बारिश के दौर के गुजरने के बाद प्रदेशभर के न्यूनतम और अधिकतम तापमान में गिरावट दर्ज किए जाने की पूरी संभावना है, जिससे ठंडक का अहसास बढ़ेगा।

पिलानी में सबसे ज्यादा गर्मी, माउंट आबू रहा सबसे ठंडा

प्रदेश में मौसम बदलने से पहले दिन के तापमान में गर्मी का तीखा असर अब भी बरकरार है। पिलानी में अधिकतम तापमान 39.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो राज्य में सबसे ज्यादा रहा। इसके अलावा बाड़मेर में 38.6, चूरू व जैसलमेर में 38.5 और श्रीगंगानगर व फलोदी में 38 डिग्री सेल्सियस अधिकतम तापमान रिकॉर्ड किया गया। राजधानी जयपुर में पारा 36.1 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से करीब एक डिग्री अधिक था।

वहीं रात के तापमान में भी काफी अंतर देखने को मिला है। पर्यटन स्थल माउंट आबू में न्यूनतम तापमान 15.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो प्रदेश में सबसे कम रहा। इसके अलावा सिरोही में 16.4, फतेहपुर में 18, चूरू में 18.3 और नागौर में 19.2 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान दर्ज किया गया। मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि आगामी दिनों में होने वाली बारिश के बाद तापमान में और अधिक गिरावट आएगी।