जयपुर | राजस्थान के कई जिलों में कड़ाके की ठंड पड़ना शुरू हो गया है। कई जगहों पर पारा तेजी से नीचे गिरा है। इसकी वजह से सर्दी का असर दिखने लगा है। सीकर के फतेहपुर शेखावाटी में बुधवार सुबह का न्यूनतम तापमान 3 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। मौसम विभाग ने 3 से 5 दिसंबर तक चूरू, झुंझुनू और सीकर में कोल्ड वेव के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। बुधवार सुबह सीकर में घना कोहरा छाया रहा, जिससे कई ग्रामीण इलाकों में विज़िबिलिटी 100 मीटर से भी कम हो गई। अलवर और NCR इलाकों के साथ शेखावाटी इलाके में भी कोहरे का असर देखा गया।
तापमान में आई गिरावट
पिछले 24 घंटों में कई शहरों में न्यूनतम तापमान में एक से दो डिग्री की गिरावट दर्ज की गई। पिलानी, अलवर, उदयपुर, जोधपुर, चूरू, जालौर और सिरोही में ठंड बढ़ गई है। इससे पहले सोमवार को सबसे ठंडी जगह लूणकरणसर रही, जहां न्यूनतम तापमान 5.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। सीकर के फतेहपुर में 6.5 डिग्री, जबकि चूरू में 7.4 डिग्री तापमान दर्ज किया गया।
राजस्थान में इस साल पड़ सकती है कड़ाके की सर्दी
जानकारी के मुताबिक, इस साल दिसंबर से फरवरी तक राजस्थान में कड़ाके की ठंड पड़ने की उम्मीद है। मौसम विभाग का कहना है कि कोल्ड वेव वाले दिन नॉर्मल लेवल से ज़्यादा हो सकते हैं, और मिनिमम टेम्परेचर एवरेज से नीचे रहने की संभावना है। हालांकि, इस दौरान बारिश कम होने की उम्मीद है, जिससे दिन का टेम्परेचर नॉर्मल लेवल के आसपास रह सकता है। राजस्थान के उत्तरी, पूर्वी और दक्षिण-पूर्वी हिस्सों में ज़्यादा कड़ाके की ठंड पड़ेगी, जबकि पश्चिमी इलाकों में सर्दी नॉर्मल रह सकती है।
बारिश की उम्मीद बहुत कम
दिसंबर और जनवरी में वेस्टर्न डिस्टर्बेंस से होने वाली बारिश भी इस बार एवरेज से कम रहने का अनुमान है। हालांकि, उत्तर भारत में भारी बर्फबारी और उसके कारण चलने वाली ठंडी हवाओं से राजस्थान में शीत लहर का असर और बढ़ सकता है। सर्दी बढ़ने के साथ ही ग्रामीण इलाकों में फसलों पर ओस जमने लगी है। इसका असर सोमवार को श्रीगंगानगर के खेतों में साफ दिखाई दिया।









