Aadhaar DOB Update Rule के तहत अब आधार कार्ड में जन्मतिथि बदलवाना आसान नहीं रहेगा। कम उम्र दिखाने या दस्तावेजों में हेरफेर रोकने के लिए नई प्रक्रिया लागू की गई है। रांची स्थित आधार सेवा केंद्र में रोजाना जन्मतिथि सुधार के लिए लंबी कतारें लग रही हैं। झारखंड के अलावा बिहार और पश्चिम बंगाल से भी बड़ी संख्या में आवेदक पहुंच रहे हैं।
नई व्यवस्था के मुताबिक, यदि कोई व्यक्ति जन्म प्रमाण पत्र के आधार पर जन्मतिथि संशोधन कराना चाहता है, तो पहले जन्म पंजीकरण संख्या में सुधार अनिवार्य होगा। सिर्फ नया जन्म प्रमाण पत्र दिखाने से आधार में बदलाव नहीं किया जाएगा। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि पंजीकरण संख्या में किसी भी तरह की विसंगति मिलने पर आवेदन स्वीकार नहीं होगा।
बार-बार बदलाव की कोशिश पर निगरानी
सूत्रों के अनुसार, पहले कुछ लोग जरूरत के अनुसार नया जन्म प्रमाण पत्र बनवाकर आधार में जन्मतिथि बदलवाने की कोशिश करते थे। कई मामलों में एक ही व्यक्ति द्वारा एक से अधिक बार संशोधन के लिए आवेदन किया गया। अब Aadhaar DOB Update Rule के तहत तकनीकी निगरानी बढ़ा दी गई है। बार-बार बदलाव की कोशिश करने पर आवेदन स्वतः अस्वीकार किया जा सकता है।
प्रशासन का कहना है कि सभी आवेदनों की गहन जांच होगी। केवल वैध और प्रमाणित दस्तावेजों के आधार पर ही सुधार किया जाएगा। साफ है कि नए नियम दस्तावेजों की विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए लागू किए गए हैं।







