Indore Water Crisis : लगातार गंभीर होता जा रहा है। इंदौर में दूषित पानी पीने से जान गंवाने वालों की संख्या अब 17 पहुंच गई है। ताजा मामला रिटायर्ड पुलिसकर्मी ओमप्रकाश शर्मा (69) का है, जिनकी इलाज के दौरान मौत हो गई। ओमप्रकाश शर्मा मूल रूप से धार जिले की शिव विहार कॉलोनी के निवासी थे और अपने बेटे से मिलने इंदौर आए हुए थे।
परिजनों के अनुसार, 1 जनवरी को उन्हें उल्टी-दस्त की शिकायत हुई, जिसके बाद उन्हें एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। जांच में सामने आया कि उनकी किडनी गंभीर रूप से खराब हो चुकी थी। हालत बिगड़ने पर 2 जनवरी को उन्हें ICU में शिफ्ट किया गया और 4 जनवरी को वेंटिलेटर पर रखा गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि ओमप्रकाश शर्मा केवल ब्लड प्रेशर के मरीज थे और दूषित पानी पीने से ही उनकी तबीयत बिगड़ी।
Indore Water Crisis को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने भागीरथपुरा इलाके में बड़े पैमाने पर सर्वे शुरू किया है। 4 जनवरी को 2354 घरों का डोर-टू-डोर सर्वे किया गया, जिसमें 9416 लोगों की जांच की गई। इस दौरान 20 नए मरीज सामने आए हैं। हालात से निपटने के लिए इलाके में 5 एंबुलेंस तैनात की गई हैं।
सर्वे टीम में जन अभियान परिषद के सदस्य, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी, आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, ANM, सुपरवाइजर और NGO शामिल हैं। प्रभावित इलाकों में क्लोरीन की गोलियां बांटी जा रही हैं। साथ ही हर घर को 10 ORS पैकेट और 30 जिंक टैबलेट्स उपलब्ध कराई जा रही हैं।
इस बीच दूषित पानी से हुई मौतों और कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के बयान को लेकर कांग्रेस ने 11 जनवरी को इंदौर में प्रदर्शन का ऐलान किया है। वहीं राज्य सरकार 6 जनवरी को मध्य प्रदेश हाई कोर्ट की इंदौर खंडपीठ में इस मामले की विस्तृत रिपोर्ट पेश करेगी।









