कानपुर में बड़ा साइबर फ्रॉड, कंपनी का लोगो कॉपी कर बनाई गई नकली वेबसाइट

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कानपुर: शहर की साइबर क्राइम टीम ने ऑनलाइन ठगी करने वाले एक बड़े अंतरराष्ट्रीय सिंडिकेट का भंडाफोड़ करते हुए गिरोह के चार शातिर सदस्यों को गिरफ्तार किया है। यह गिरोह जानी-मानी कंपनियों की फर्जी वेबसाइट बनाकर, आकर्षक ऑफर देकर और क्रेडिट कार्ड की लिमिट बढ़ाने का झांसा देकर लोगों को अपना शिकार बनाता था। इस कार्रवाई में पुलिस ने ₹2,99,300 की नकदी और एक महिंद्रा 3XO कार जब्त की है। पुलिस को आशंका है कि इस गिरोह के तार कंबोडिया और मलेशिया में बैठे विदेशी ठगों से जुड़े हैं, जिसकी गहनता से जांच की जा रही है। वहीं, गिरोह का मुख्य सरगना उन्नाव निवासी शुभम ठाकुर फिलहाल फरार है।

स्टूडेंट्स और एसी मैकेनिक मिलकर चला रहे थे नेटवर्क, फ्लैट लेकर बनाया था ठिकाना

डीसीपी क्राइम श्रवण कुमार सिंह के मुताबिक, पकड़े गए आरोपियों में पढ़े-लिखे युवा शामिल हैं। इनमें काकादेव का रहने वाला बी-फार्मा का छात्र साहिल यादव, बीए की पढ़ाई कर रहा प्रशांत गुप्ता, आकाश सरोज और कौशाम्बी का रहने वाला 10वीं पास एसी मैकेनिक मोहम्मद मेराज उर्फ मोहम्मद कैफ शामिल हैं। इन शातिरों ने साइबर अपराध को अंजाम देने के लिए गीता नगर इलाके में ₹9,000 महीने पर एक फ्लैट किराए पर ले रखा था, जिसे इन्होंने अपना ठिकाना बनाया हुआ था।

दूसरों के बैंक खाते किराए पर लेकर करते थे करोड़ों का हेरफेर

पुलिस जांच में सामने आया है कि यह गिरोह ठगी की रकम को सुरक्षित ठिकाने पर पहुंचाने के लिए आम लोगों को लालच देकर उनके बैंक खाते किराए पर लेता था। नेशनल साइबर क्राइम पोर्टल पर इस गिरोह के खिलाफ पहले से ही 18 शिकायतें दर्ज हैं। हाल ही में गीता नगर के एक छात्र वरुण सोनकर ने साइबर थाने में एफआईआर दर्ज कराई थी। आरोपियों ने वरुण को झांसे में लेकर उसका बैंक अकाउंट इस्तेमाल किया था, जिसमें करीब ₹13 लाख का अवैध ट्रांजैक्शन किया गया था।

सर्विलांस की मदद से पुल के नीचे दबोचा, चाचा की कार से घूम रहे थे आरोपी

साइबर सेल और पुलिस की टीम ने सर्विलांस तकनीक की मदद से सबसे पहले मुख्य आरोपी साहिल को शिव नारायण टंडन सेतु पुल के नीचे से घेराबंदी करके दबोचा। पुलिस ने जब उससे कड़ाई से पूछताछ की, तो उसकी निशानदेही पर टीम ने गीता नगर के फ्लैट पर छापा मारकर बाकी तीनों आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार, बरामद की गई लग्जरी कार साहिल के चाचा राजेश कुमार की है।

आरोपियों को जेल भेजने की तैयारी, मुख्य सरगना की तलाश तेज

गिरफ्तार किए गए चारों आरोपियों को कानूनी कागजी कार्रवाई पूरी करने के बाद अदालत में पेश किया जा रहा है, जहां से उन्हें जेल भेजा जाएगा। पुलिस विभाग ने फरार मुख्य सरगना शुभम ठाकुर की गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग टीमें गठित कर दी हैं और उसके संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। साथ ही, इनके अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन को खंगालने के लिए बैंक खातों और डिजिटल इनपुट की जांच जारी है।