अपने हाथों से गढ़ा सपनों का घर

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रायपुर :  दूसरों के लिए ईंट-पत्थरों से मजबूत घर बनाने वाले मिस्त्री श्यामसिंह चंद्रवंशी का सबसे बड़ा सपना था कि एक दिन उनके अपने परिवार के सिर पर भी पक्की और सुरक्षित छत हो। वर्षों तक सीमित आय और आर्थिक तंगी के कारण यह सपना अधूरा रहा, लेकिन प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) ने आखिरकार उनकी यह ख्वाहिश पूरी कर दी। मोहला विकासखंड के ग्राम गुहाटोला निवासी श्यामसिंह चंद्रवंशी खेती के साथ मिस्त्री का काम कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। लंबे समय तक उनका परिवार कच्चे मकान में रहने को मजबूर था।

प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत मिली आर्थिक सहायता ने उनके सपनों को नई दिशा दी। खास बात यह रही कि वर्षों तक दूसरों के घर बनाने वाले श्यामसिंह ने अपना घर भी अपने ही हाथों से तैयार किया। वे कहते हैं, जब भी किसी के लिए पक्का मकान बनाता था, मन में यही इच्छा होती थी कि एक दिन मेरा भी अपना घर होगा। आज यह सपना साकार हो गया है।

अब उनका परिवार पक्के और सुरक्षित घर में सम्मान के साथ जीवन बिता रहा है। बरसात में छत टपकने का डर खत्म हो चुका है और बच्चों को पढ़ाई के लिए सुरक्षित वातावरण मिल गया है। श्यामसिंह मानते हैं कि यह मकान केवल चार दीवारी नहीं, बल्कि वर्षों की मेहनत, संघर्ष और उम्मीदों का साकार रूप है। वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहते हैं कि प्रधानमंत्री आवास योजना गरीब परिवारों के जीवन में वास्तविक और स्थायी बदलाव ला रही है।