यूक्रेन की राजधानी फिर बनी निशाना, रूस के हमले में 8 लोगों की मौत

0
7

कीव: रूस ने एक बार फिर यूक्रेन की राजधानी कीव पर मिसाइल और घातक ड्रोन से भीषण हवाई हमला बोला है। स्थानीय समयानुसार गुरुवार तड़के हुए इस हमले से पूरा शहर दहल उठा और कई जोरदार धमाकों के साथ रिहायशी इलाकों में भीषण आग लग गई। द न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, इस हमले में कई बहुमंजिला रिहायशी इमारतों को भारी नुकसान पहुंचा है। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने खुफिया इनपुट के आधार पर इस बड़े हमले की पहले ही चेतावनी दी थी, जिसके बाद भारी संख्या में नागरिकों ने अपनी जान बचाने के लिए मेट्रो स्टेशनों में शरण ली थी।

हमले में 8 लोगों की मौत, मलबे में दबे होने की आशंका

अल जजीरा की रिपोर्ट के मुताबिक, इस ताजा रूसी हमले में अब तक 8 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 12 अन्य नागरिक गंभीर रूप से घायल हैं। कीव के मेयर विटाली क्लिट्स्को ने बताया कि हमले के कारण एक नौ मंजिला रिहायशी इमारत का एक बड़ा हिस्सा ढह गया है, जिसके मलबे में कई लोगों के फंसे होने की आशंका है। शहर के मध्य हिस्से में स्थित एक होटल की छत और कई इमारतों में लगी आग को बुझाने के लिए दमकलकर्मी लगातार मशक्कत कर रहे हैं। हमले के दौरान कीव में यूक्रेनी एयर डिफेंस सिस्टम की ओर से की गई जवाबी फायरिंग की आवाजें भी साफ सुनी गईं।

यूक्रेन के पलटवार के बीच पुतिन का हमला, जेलेंस्की की अपील

रूस का यह आक्रामक हमला ऐसे समय में आया है जब यूक्रेन ने भी लंबी दूरी के ड्रोन हमलों से पलटवार तेज कर दिया है। हाल के दिनों में यूक्रेन ने मॉस्को, रूसी ईंधन डिपो और क्रीमिया क्षेत्र को निशाना बनाकर रूस पर दबाव बढ़ाया था। आयरलैंड दौरे से लौटने से ठीक पहले राष्ट्रपति जेलेंस्की ने कहा कि व्लादिमीर पुतिन किसी भी कीमत पर युद्ध जारी रखना चाहते हैं। उन्होंने वैश्विक समुदाय से अपील की कि रूस पर ऐसी परिस्थितियां थोपी जानी चाहिए, जिससे उनके लिए इस जंग को आगे बढ़ाना असंभव हो जाए।

हाई अलर्ट पर पोलैंड, फाइटर जेट और एयर डिफेंस सिस्टम एक्टिव

रूस द्वारा यूक्रेन की सीमा के करीब किए गए इस भीषण हवाई हमले के बाद पड़ोसी देश पोलैंड में भी हड़कंप मच गया है। रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार, पोलैंड ने सुरक्षा के लिहाज से अपने लड़ाकू विमानों (फाइटर जेट्स) और वायु रक्षा प्रणालियों (एयर डिफेंस सिस्टम) को तुरंत सक्रिय कर दिया है। पोलैंड के सैन्य अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यह कदम यूक्रेनी सीमा से लगे उनके अपने हवाई क्षेत्र की सुरक्षा सुनिश्चित करने और किसी भी संभावित खतरे से निपटने के लिए एहतियातन उठाया गया है।